फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Two miscreants arrested for escaping gangster from court premises in Agra

Agra: दीवानी परिसर से गैंगस्टर को भगाने वाले दो बदमाश गिरफ्तार, ढाई लाख रुपये के लिए की थी मदद

Thu, 21 Jul 2022 09:46 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: मुकेश कुमार Updated Thu, 21 Jul 2022 09:46 PM IST
सार

आगरा में 13 जुलाई को गैंगस्टर विनय श्रोत्रिय दीवानी से फरार हुआ था। उस पर 50 हजार का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस ने उसकी मदद करने वाले दो बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। 

विज्ञापन
Two miscreants arrested for escaping gangster from court premises in Agra
बदमाशों की गिरफ्तारी के संबंध में जानकारी देते पुलिस अधिकारी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा दीवानी से फरार हुए गैंगस्टर विनय श्रोत्रिय की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है, लेकिन उसके दो साथी राहुल कश्यप और पिंटा उर्फ शिवराम बुधवार रात को पकड़े गए। उन्होंने गैंगस्टर की फरारी में ढाई लाख रुपये के लालच में सहयोग किया था। दोनों उसे मथुरा ले गए थे। आरोपी अपने परिचितों के यहां रुका था। अवागढ़ में दोनों साथियों को 18 हजार रुपये देकर फरार हो गया था।

विज्ञापन


13 जुलाई को गैंगस्टर विनय श्रोत्रिय दीवानी से फरार हुआ था। उस पर 50 हजार का इनाम घोषित किया गया है। आरोपी की धरपकड़ के लिए एसओजी प्रभारी कुलदीप दीक्षित, थाना न्यू आगरा प्रभारी विजय विक्रम सिंह, सीआईडब्ल्यू टीम प्रभारी प्रदीप कुमार लगे हैं। बुधवार रात को खंदारी क्षेत्र से उसके दो साथी फिरोजाबाद के इंद्रपुरी निवासी राहुल कश्यप और दौलतपुर निवासी पिंटा उर्फ शिवराम यादव मुठभेड़ के बाद पकड़ लिए गए। दोनों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित था। उनके पास से दो तमंचे और एक बाइक बरामद की है।

विज्ञापन

हर मिलाई पर रुपये देता था गैंगस्टर 

एसपी सिटी विकास कुमार ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ की गई। राहुल जेल जा चुका है। तब उसकी मुलाकात विनय से हुई। राहुल जमानत पर बाहर आ गया। विनय उसे मैसेंजर पर मैसेज भेजता था। वीडियो कॉल भी करता था। वह कई बार विनय से मिलने दीवानी और जेल भी आया। हर मिलाई पर विनय उसे दो से ढाई हजार रुपये देता था। 

विज्ञापन
विज्ञापन

उसके साथ पिंटा, सोनू और ऋषभ भी जाते थे। उन्होंने बताया कि विनय पर 40 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। इस कारण उनकी जमानत नहीं हो पा रही थी। वह जेल से बाहर आना चाहता था। हर मुलाकात पर भागने की कहता था, लेकिन वो उसकी बातों में नहीं आए। एक दिन उसने भगाने में मदद करने पर ढाई लाख रुपये देने की बात कही। इससे सभी लालच में आ गए।

परिचितों के यहां गुजारी रात

पुलिस की पूछताछ में पता चला कि घटना वाले दिन राहुल, पिंटा, सोनू और ऋषभ राजपूत आए थे। विनय से सोनू मिला। उसने राहुल की फोन पर बात कराई। उसने दोनों को गेट नंबर चार पर बाइक लेकर बुलाया। सिपाही को गच्चा देकर विनय आया। राहुल और पिंटा उसे भदावर हाउस के बगल के रास्ते से हाईवे पर ले गए। ऋषभ और सोनू दीवानी में ही रह गए। 

वो उसे सिकंदरा होते हुए राया कट पहुंचे। यहां गुड्डू पहलवान के घर गए। मगर, पता चला कि वह फरारी काट रहा है। इस पर तीनों वहां से चल दिए। गुड्डू के दोस्त हरिदास के घर पहुंचे। वह लूट के मामले में जेल गया था। उसके फोन से विनय ने किसी से बात की। रात में एक गांव में रुके। विनय ने अपने परिचित के घर पर रात गुजारी। वह अपना नाम राजेश यादव बता रहा था। उसका भाई दुष्कर्म के मामले में जेल जा चुका है। 

आरोपी दूसरे दिन सासनी के एक गांव में गए। वहां विनय ने तमंचे लाकर दिए। उसके बाद मथुरा के गोवर्धन में रात गुजारी। 15 जुलाई को शिकोहाबाद चले गए। इसके बाद में बाइक से फरिहा होते हुए अवागढ़ चले गए, जहां विनय ने 18 हजार रुपये देकर चला गया। आरोपियों ने कई और नाम बताए हैं, जिनके बारे में पुलिस पता कर रही है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed