Taj Mahal: ताज के 500 मीटर दायरे पर बोले पर्यटन मंत्री- हम व्यापारियों के साथ, निकालेंगे बीच का रास्ता
पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह शुक्रवार को भारतीय जनता युवा मोर्चा महानगर के प्रशिक्षण वर्ग में पहुंचे थे। यहां ताजगंज के मुद्दे पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि कोई बीच का रास्ता निकालेंगे।
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ताजमहल के 500 मीटर के दायरे में व्यावसायिक गतिविधियां बंद करने के नोटिस के बाद ताजगंज के व्यापारियों की धड़कनें बढ़ी हुई हैं। एडीए ने व्यावसायिक गतिविधियां बंद करने के लिए 17 अक्तूबर का समय दिया है। ऐसे में आगरा आए पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने जब ये कहा कि वे व्यापारियों के साथ है, तो ताज के प्रतिबंधित दायरे के लोगों ने कुछ राहत महसूस की।
भारतीय जनता युवा मोर्चा महानगर के प्रशिक्षण वर्ग में पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह शुक्रवार को पहुंचे। इस दौरान पर्यटन मंत्री से सवाल जब ताजमहल के 500 मीटर के दायरे में व्यावसायिक गतिविधियां बंद करने के मामले में सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि हम व्यापारियों के साथ है। उनका व्यापार उजड़ने नहीं दिया जाएगा, कोई न कोई बीच का रास्ता निकाला जाएगा।
पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि कानून के दायरे में रहते हुए जो हो सकेगा वो करेंगे। साथ ही कहा कि ब्रज क्षेत्र में पर्यटन के क्षेत्र में काफी काम किया है। बता दें पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह शुक्रवार को महाजन भवन, जयपुर हाउस में हो रहे कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे।
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सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करने पहुंची संघर्ष समिति
सुप्रीम कोर्ट के आदेश की दोबारा व्याख्या के लिए प्रभावित व्यापारियों की संघर्ष समिति दिल्ली पहुंच गई है। ताजगंज डेवलपमेंट फाउंडेशन अध्यक्ष नितिन सिंह ने बताया कि 17 अक्तूबर से पहले कोर्ट में अपना पक्ष रखेंगे। पुनर्विचार याचिका दायर करेंगे। यदि 17 अक्तूबर से पहले याचिका स्वीकार हो जाती है तो मामला न्यायालय में विचारणीय होने के कारण व्यापारियों को जबरन नहीं हटाया जा सकेगा। समिति के सदस्यों का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने 26 सितंबर को जो आदेश दिया है वह पक्की दुकानों पर लागू नहीं होता। वह आदेश सिर्फ रेहड़ी व ठेले वालों के संदर्भ में था। आदेश की सही व्याख्या होने के बाद व्यापारियों को राहत मिलेगी।
एडीए के सर्वे की कछुआ चाल पर सवाल
आगरा विकास प्राधिकरण के सर्वे की कछुआ चाल पर भी सवाल उठ रहे हैं। 10 दिन में एडीए 500 मीटर का सर्वे पूरा नहीं कर सका है। करीब 3000 व्यावासायिक एवं आवासीय भवन चिह्नित किए हैं। परंतु 500 मीटर की सीमा रेखा पर सर्वे अटका है। एडीए उपाध्यक्ष चर्चित गौड़ का कहना है कि दो दिन में बॉर्डर लाइन तय हो जाएगी। नगर निगम, टोरंट पावर के अलावा एडीए के साथ राजस्व विभाग की टीमें भी सीमा निर्धारण में लगी हैं।