फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   there was a lot of losses in the business due to demonetisation

जन्मदिन पर करोड़पति कारोबारी के चेहरे पर थी खुशी, पर इस 'दर्द' ने ऐसा कदम उठाने को किया मजबूर

Wed, 14 Mar 2018 02:04 PM IST
Updated Wed, 14 Mar 2018 02:04 PM IST
विज्ञापन
there was a lot of losses in the business due to demonetisation
गमजदा परिजन - फोटो : अमर उजाला
कारोबारी रजनीश खन्ना की खुदकुशी की बड़ी वजह बैंकों का कर्ज बताई जा रही है। वह लोन चुका नहीं पा रहे थे। इसकी वजह यह थी कि नोटबंदी ने उनकी कमर तोड़ दी थी। 
विज्ञापन


परिवार के नजदीकी लोगों का कहना है कि वह नोटबंदी के समय बहुत परेशान रहे। उनकी काफी रकम बदल नहीं पाई थी। इसी कारण कर्ज नहीं चुका पा रहे थे। 

अब नीरव मोदी केस के बाद बैंकों ने लोन डिफाल्टरों पर सख्ती की तो वह भी जद में आ गए। नोटिस पर नोटिस आने लगे। इससे उनकी हिम्मत टूट गई और परिणति खुदकुशी के रूप में सामने आई। 
विज्ञापन

there was a lot of losses in the business due to demonetisation
परिजन - फोटो : अमर उजाला
उनकी भरतपुर हाउस में 250 वर्ग मीटर में आलीशान कोठी थी। इतनी ही जगह में भाई विनीत की कोठी थी। उसका कोल्ड स्टोरेज का काम है। कर्ज के कारण रजनीश को ढाई साल पहले कोठी बेचनी पड़ी। 

कर्ज कुछ कम हुआ लेकिन पूरा नहीं चुक पाया। कुछ दिन की राहत मिली, लेकिन पिछले कुछ समय से फिर से नोटिस पर नोटिस शुरू हो गए। छह महीने पहले उन्होंने बेटी की शादी की। 

इसके बाद लोगों ने उन पर दबाव बना दिया। सभी अपना पैसा लेने के लिए आ रहे थे। तगाजों से वह टूट गए थे। बेडरूम में ही उनकी लाइसेंसी रिवाल्वर रखी रहती थी। इसे निकाला और खुदकुशी कर ली। 

दर्द सीने में छिपाए मुस्कुराते रहे

there was a lot of losses in the business due to demonetisation
मृतक कारोबारी - फोटो : अमर उजाला
रजनीश खन्ना का परिवार 70 साल पहले पंजाब से आकर आगरा में बसा था। उनके पिता प्रेम नारायण भी कारोबारी थे। उनका निधन हो चुका है। मां अरुना भरतपुर हाउस में बेटे विनीत केपास रहती हैं।

परिवार के नजदीकी लोगों ने बताया कि जन्म दिन की पार्टी में वह सभी से बड़ी आत्मीयता से मिले। उनके मन में हलचल मची थी, लेकिन इसे छिपाए रहे। उनके चेहरे पर मुस्कुराहट थी। किसी को क्या खबर थी कि यह आखिरी मुलाकात होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed