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थीम पार्क के लिए एक माह में पूर्ण होगा भू-अर्जन
आगरा, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 10 Dec 2014 02:07 AM IST
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शहर में प्रस्तावित सेवन वंडर सिटी थीम पार्क के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया एक महीने में पूरी करनी होगी। मंगलवार को कमिश्नर आवास पर अभिनेता संजय खान की मौजूदगी में हुई बैठक में मंडलायुक्त प्रदीप भटनागर ने सभी विभागों के अधिकारियों को प्रोजेक्ट की स्टडी करने और यदि कोई आपत्ति है तो उसका निस्तारण जल्द करने के निर्देश दिए।
गौरतलब है कि अभिनेता संजय खान आगरा में थीम पार्क विकसित करने जा रहे हैं। इस पर तकरीबन 10 हजार करोड़ रुपये की लागत आएगी। योजना के लिए एक हजार एकड़ जमीन की आवश्यकता है। विकास प्राधिकरण ने 584 एकड़ भूमि उपलब्ध करा दी है। एडीए को लगभग 342 करोड़ का भुगतान भी हो चुका है। शेष भूमि का अधिग्रहण यूपीएसआईडीसी को करना है। अधिग्रहण की प्रक्रिया की धीमी रफ्तार पर मंडलायुक्त ने यूपीएसआईडीसी के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे करीब 250-300 करोड़ रुपये की राशि शीघ्र उपलब्ध कराएं ताकि कार्यवाही आगे बढ़ाई जा सकी। संजय खान ने भू अर्जन 30 दिसंबर तक पूरा करने को कहा। इस पर अधिकारियों ने कुछ अड़चनों का हवाला दिया। तय हुआ कि 15 से 20 जनवरी तक भू अर्जन की प्रक्रिया पूर्ण कर ली जाए।
मंडलायुक्त ने बताया कि टीटीडीजेड क्षेत्र होने के चलते सभी विभागों की अनापत्ति आवश्यक है। उन्होंने बताया कि प्रोजेक्ट में पहले ही इस बात का ख्याल रखने को कहा गया है कि टीटीजेड अथारिटी के निर्देशों का उल्लंघन न हो। यहां वैकल्पिक ऊर्जा का प्रयोग किया जाएगा। पानी के शोधन के लिए प्लांट लगेगा। बैठक में डीएम पंकज कुमार, नगर आयुक्त इंद्र विक्रम सिंह, सचिव एडीए प्रभांशु श्रीवास्तव, पर्यटन अधिकारी दिनेश कुमार सहित लोक निर्माण विभाग, वन विभाग सहित कई विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
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गुजरात में नौ स्थान दिखाए थे
संजय खान चाहते हैं प्रोजेक्ट पर काम जल्द शुरू हो। उन्होंने बताया कि गुजरात सरकार ने नौ स्थान दिखाए थे। वहां की सरकार सिंगल विंडो सिस्टम के तहत सभी क्लियरेंस देने को तैयार थी, लेकिन निवेशक चाहते थे कि ऐसे स्थान पर पार्क बने जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में पर्यटक आते हों। इस लिहाज आगरा सबसे अहम स्थान है, जो राजधानी दिल्ली के भी नजदीक है।
‘भारतीय संस्कृति का प्रचार है पार्क’
आगरा। इस दौरान संजय खान मीडिया से बचते रहे। उन्होंने कहा कि गला खराब है इसलिए अधिक बात नहीं कर सकता। लेकिन चलते-चलते उन्होंने कहा कि यह पार्क भारतीय संस्कृति का प्रचार प्रसार करेगा। आगरा के लिए यह मेगा प्रोजेक्ट है। फिल्म, टेलीविजन से दूरियों पर उन्होंने कहा कि पहले इस काम से तो फुर्सत मिले। उल्लेखनीय है कि थीम पार्क में महाभारत काल, रामायण काल, गुप्त काल, मुगल काल से लेकर आने वाले 100 वर्षों का भारत का क्या स्वरूप होगा, इस थीम पर सेवन सिटी डवलप की जाएगी।
‘किसानों के लिए बेहतरीन मौका’
मंडलायुक्त प्रदीप भटनागर ने कहा कि किसानों के लिए अच्छा मौका है कि वे भू अर्जन का करार कर लें। उन्होंने कहा कि 2013 में बने नियमों के आधार पर प्रदेश सरकार सर्किल रेट का चार गुना मुआवजा दे रही है। लेकिन कई राज्यों ने 2013 में बनी इस नियमावली का विरोध किया है। इसके चलते केंद्र सरकार इस नियमावली पर पुनर्विचार कर रही है। कहीं ऐसा न हो नया नियम बने और किसानों को नुकसान उठाना पड़े।
संजय खान को भी सताई खारे पानी की चिंता
आगरा में पानी की समस्या से संजय खान भी वाकिफ हैं। बैठक से बाहर आने के बाद वे अपने सहयोगियों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने पूछा कि पानी की क्या स्थिति है। इस पर सहयोगी ने बताया कि आगरा में अंडरग्राउंड वाटर खारा है। जिले में पानी के दोहन के लिए क्षेत्र का अलग-अलग वर्गीकरण किया है, पर संजय खान ने चिंता व्यक्त की।
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गौरतलब है कि अभिनेता संजय खान आगरा में थीम पार्क विकसित करने जा रहे हैं। इस पर तकरीबन 10 हजार करोड़ रुपये की लागत आएगी। योजना के लिए एक हजार एकड़ जमीन की आवश्यकता है। विकास प्राधिकरण ने 584 एकड़ भूमि उपलब्ध करा दी है। एडीए को लगभग 342 करोड़ का भुगतान भी हो चुका है। शेष भूमि का अधिग्रहण यूपीएसआईडीसी को करना है। अधिग्रहण की प्रक्रिया की धीमी रफ्तार पर मंडलायुक्त ने यूपीएसआईडीसी के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे करीब 250-300 करोड़ रुपये की राशि शीघ्र उपलब्ध कराएं ताकि कार्यवाही आगे बढ़ाई जा सकी। संजय खान ने भू अर्जन 30 दिसंबर तक पूरा करने को कहा। इस पर अधिकारियों ने कुछ अड़चनों का हवाला दिया। तय हुआ कि 15 से 20 जनवरी तक भू अर्जन की प्रक्रिया पूर्ण कर ली जाए।
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मंडलायुक्त ने बताया कि टीटीडीजेड क्षेत्र होने के चलते सभी विभागों की अनापत्ति आवश्यक है। उन्होंने बताया कि प्रोजेक्ट में पहले ही इस बात का ख्याल रखने को कहा गया है कि टीटीजेड अथारिटी के निर्देशों का उल्लंघन न हो। यहां वैकल्पिक ऊर्जा का प्रयोग किया जाएगा। पानी के शोधन के लिए प्लांट लगेगा। बैठक में डीएम पंकज कुमार, नगर आयुक्त इंद्र विक्रम सिंह, सचिव एडीए प्रभांशु श्रीवास्तव, पर्यटन अधिकारी दिनेश कुमार सहित लोक निर्माण विभाग, वन विभाग सहित कई विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
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गुजरात में नौ स्थान दिखाए थे
संजय खान चाहते हैं प्रोजेक्ट पर काम जल्द शुरू हो। उन्होंने बताया कि गुजरात सरकार ने नौ स्थान दिखाए थे। वहां की सरकार सिंगल विंडो सिस्टम के तहत सभी क्लियरेंस देने को तैयार थी, लेकिन निवेशक चाहते थे कि ऐसे स्थान पर पार्क बने जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में पर्यटक आते हों। इस लिहाज आगरा सबसे अहम स्थान है, जो राजधानी दिल्ली के भी नजदीक है।
‘भारतीय संस्कृति का प्रचार है पार्क’
आगरा। इस दौरान संजय खान मीडिया से बचते रहे। उन्होंने कहा कि गला खराब है इसलिए अधिक बात नहीं कर सकता। लेकिन चलते-चलते उन्होंने कहा कि यह पार्क भारतीय संस्कृति का प्रचार प्रसार करेगा। आगरा के लिए यह मेगा प्रोजेक्ट है। फिल्म, टेलीविजन से दूरियों पर उन्होंने कहा कि पहले इस काम से तो फुर्सत मिले। उल्लेखनीय है कि थीम पार्क में महाभारत काल, रामायण काल, गुप्त काल, मुगल काल से लेकर आने वाले 100 वर्षों का भारत का क्या स्वरूप होगा, इस थीम पर सेवन सिटी डवलप की जाएगी।
‘किसानों के लिए बेहतरीन मौका’
मंडलायुक्त प्रदीप भटनागर ने कहा कि किसानों के लिए अच्छा मौका है कि वे भू अर्जन का करार कर लें। उन्होंने कहा कि 2013 में बने नियमों के आधार पर प्रदेश सरकार सर्किल रेट का चार गुना मुआवजा दे रही है। लेकिन कई राज्यों ने 2013 में बनी इस नियमावली का विरोध किया है। इसके चलते केंद्र सरकार इस नियमावली पर पुनर्विचार कर रही है। कहीं ऐसा न हो नया नियम बने और किसानों को नुकसान उठाना पड़े।
संजय खान को भी सताई खारे पानी की चिंता
आगरा में पानी की समस्या से संजय खान भी वाकिफ हैं। बैठक से बाहर आने के बाद वे अपने सहयोगियों से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने पूछा कि पानी की क्या स्थिति है। इस पर सहयोगी ने बताया कि आगरा में अंडरग्राउंड वाटर खारा है। जिले में पानी के दोहन के लिए क्षेत्र का अलग-अलग वर्गीकरण किया है, पर संजय खान ने चिंता व्यक्त की।