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शिक्षक भर्ती घोटाला: अभी और भी फर्जी शिक्षकों पर लटकी है तलवार
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कासगंज। बेसिक शिक्षा विभाग के फर्जी डिग्री धारक 90 शिक्षकों की बर्खास्तगी हो चुकी है। अभी और शिक्षकों के फर्जीवाड़े की आशंका को देखते हुए पूरे जिले के शिक्षकों का डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। अभी तक पांच विकासखंडों का ही डाटाबेस तैयार हो सका है। जिसमें 20 शिक्षकों की पत्रावलियां अधूरी हैं। शिक्षा विभाग ने उन्हें नोटिस जारी करके पत्रावली पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।
वर्ष 2010 से 2018 तक के बीच होने वाली 10 भर्तियों में नियुक्त शिक्षकों की फर्जीवाड़े की जांच की जा रही है। जांच पड़ताल के दौरान तमाम शिक्षकों की पत्रावलियां गायब मिलने से विभाग में खलबली मच गई। इसके बाद बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी शिक्षकों का डाटाबेस तैयार करने का निर्णय लिया। जिले में तैनात सभी 3050 शिक्षकों से उनके शैक्षिक एवं नियुक्ति संबंधी प्रपत्र मांगे गए। अभी तक पांच विकास खंडों का ही ब्योरा तैयार हो सका है। इसमें बीस शिक्षकों की पत्रावलियां अपूर्ण मिलीं। इन शिक्षकों को बेसिक शिक्षा अधिकारी ने नोटिस जारी करके पत्रावली के प्रपत्रों को पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। अभी दो और विकासखंडों का ब्योरा तैयार होना है। यह डाटा कंप्यूटराइज्ड तैयार किया जा रहा है। जिससे कभी भी किसी भी शिक्षक के प्रमाण पत्र और नियुक्ति पत्र की पड़ताल की जा सके। बेसिक शिक्षा विभाग को आशंका है कि कहीं और फर्जीवाड़े का मामला जिले में सामने न आ जाए। पूरा डाटा तैयार होने के बाद ही सही स्थिति सामने आ सकेगी।
जिले में तैनात सभी शिक्षकों का डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। पांच विकास खंडों में अभी तक बीस शिक्षकों की पत्रावली अपूर्ण मिलीं हैं। जिन्हें नोटिस देकर पत्रावली पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। जो भी शिक्षक अपने अभिलेख उपलब्ध नहीं कराएंगे तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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- अंजली अग्रवाल, बीएसए
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वर्ष 2010 से 2018 तक के बीच होने वाली 10 भर्तियों में नियुक्त शिक्षकों की फर्जीवाड़े की जांच की जा रही है। जांच पड़ताल के दौरान तमाम शिक्षकों की पत्रावलियां गायब मिलने से विभाग में खलबली मच गई। इसके बाद बेसिक शिक्षा अधिकारी ने सभी शिक्षकों का डाटाबेस तैयार करने का निर्णय लिया। जिले में तैनात सभी 3050 शिक्षकों से उनके शैक्षिक एवं नियुक्ति संबंधी प्रपत्र मांगे गए। अभी तक पांच विकास खंडों का ही ब्योरा तैयार हो सका है। इसमें बीस शिक्षकों की पत्रावलियां अपूर्ण मिलीं। इन शिक्षकों को बेसिक शिक्षा अधिकारी ने नोटिस जारी करके पत्रावली के प्रपत्रों को पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। अभी दो और विकासखंडों का ब्योरा तैयार होना है। यह डाटा कंप्यूटराइज्ड तैयार किया जा रहा है। जिससे कभी भी किसी भी शिक्षक के प्रमाण पत्र और नियुक्ति पत्र की पड़ताल की जा सके। बेसिक शिक्षा विभाग को आशंका है कि कहीं और फर्जीवाड़े का मामला जिले में सामने न आ जाए। पूरा डाटा तैयार होने के बाद ही सही स्थिति सामने आ सकेगी।
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जिले में तैनात सभी शिक्षकों का डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। पांच विकास खंडों में अभी तक बीस शिक्षकों की पत्रावली अपूर्ण मिलीं हैं। जिन्हें नोटिस देकर पत्रावली पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। जो भी शिक्षक अपने अभिलेख उपलब्ध नहीं कराएंगे तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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- अंजली अग्रवाल, बीएसए