फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   tajganj project become project of fakeness

सत्ता की हनक में बन रहा ‘धांधली का प्रोजेक्ट’

Mon, 06 Jul 2015 02:34 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, आगरा
ब्यूरो अमर उजाला, आगरा Updated Mon, 06 Jul 2015 02:34 AM IST
विज्ञापन
tajganj project become project of fakeness
सत्ता की हनक में विकास योजनाओं के हश्र देखने हों तो ताजगंज प्रोजेक्ट इसका नमूना भर है। ताजमहल के पास पूर्वी, पश्चिमी और दक्षिणी गेट पर चल रहे कामों पर अफसर अंगुलिया उठा रहे हैं, लेकिन सत्ता की हनक में धांधली के प्रोजेक्ट में मनमानी की जा रही है। दक्षिणी गेट पर 1×1.20 मीटर की डक्ट बनाई जानी थी, लेकिन इसकी जगह केवल 9 इंच व्यास के पाइप रोड पर डाल कर दबा दिए गए। डक्ट की तुलना में एक चौथाई साइज तो घट गया, लेकिन ताजगंज प्रोजेक्ट के बजट में पूरे 50 करोड़ रुपये का इजाफा हो गया।
विज्ञापन

बिजली के हाईटेंशन तारों और फोन-केबिल के लिए ताजगंज प्रोजेक्ट में ताज पूर्वी गेट, पश्चिमी, दक्षिणी गेट पर डक्ट बनाई जानी थीं। पूर्वी गेट की डक्ट 1×1.20 मीटर (एक मीटर=39.37 इंच) बिजली के लिए और फोन एवं केबिल की डक्ट 0.60×1.20 मीटर चौड़ी बनाई गई। दक्षिणी गेट पर जगह की कमी का हवाला देते हुए डक्ट की जगह केवल 9 इंच व्यास के पाइप डाले जा रहे हैं। साइज में एक चौथाई की कमी के बाद भी प्रोजेक्ट का बजट बढ़ना आश्चर्यजनक है।
विज्ञापन


पश्चिमी और दक्षिणी गेट का घटाया बजट
आगरा। ताजगंज प्रोजेक्ट में पूर्वी गेट से शिल्पग्राम के बीच और फिर शिल्पग्राम से फतेहाबाद रोड स्थित जेपी पैलेस होटल तक काम ज्यादा हो रहे हैं, जबकि पश्चिमी गेट और दक्षिणी गेट की उपेक्षा कर दी गई है। पहले तीनों गेटों पर बराबर धनराशि के काम आवंटित किए गए थे। पूर्वी गेट को अब ज्यादा तवज्जो दी जा रही है, जबकि पश्चिमी गेट से ही ताजमहल में 75 फीसदी सैलानी प्रवेश करते हैं। बाकी सैलानी पूर्वी और दक्षिणी गेट से दीदार ए ताज के लिए आते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


विकास कार्य क्षेत्र    पहले बजट    पुनरीक्षित बजट
ताज पूर्वी गेट    28.89     38.93 करोड़
पश्चिमी गेट    27.15    22.55 करोड़
ताजगंज दक्षिणी गेट    26.6     25.30 करोड़
ताजगंज मलिन बस्ती    17.65    13.85 करोड़
शिल्पग्राम से जेपी तक    20.67    31.79 करोड़


तीन लाख रुपये का एक लैंप पोस्ट
डिजायन बदलने के नाम पर ताजगंज प्रोजेक्ट में वित्तीय अनियमितताएं इस कदर हैं कि भविष्य की चिंता किए बिना ही करोड़ों रुपये का खेल हो रहा है। कास्ट आयरन की जगह पत्थर के लैंप पोस्ट लगवाए गए हैं, जिन पर 8 करोड़ रुपये खर्च होंगे। ताजगंज प्रोजेक्ट में 266 लैंप पोस्ट लगेंगे। यानी तीन लाख रुपये का यह लैंप पोस्ट कितने दिन चलेगा, इसका अंदाजा कॉमनवेल्थ गेम्स के दौरान चौराहों पर बनाए गए स्टोन ट्रैफिक पोस्ट के हश्र से समझा जा सकता है। ताज से गुजरते भैंसों के झुंड में यह कितने टिकेंगे, समझना मुश्किल नहीं है।

बिजली पर सबसे ज्यादा खर्च
8 करोड़ रुपये के तो लैंप पोस्ट लगाए जाएंगे, वहीं 4.46 करोड़ रुपये इनकी स्पेशल लाइट और ट्रांसफार्मर के लिए आवंटित किए गए हैं। सोलर लाइट के लिए व्यवस्थाएं और फिटिंग पर 1.39 करोड़ खर्च किए जा रहे हैं। टोरंट को लाइन शिफ्टिंग के लिए 31 करोड़ रुपये का प्रावधान है।


मलिन बस्तियों की न बदलेगी सूरत
आगरा। ताजगंज में कुत्ता पार्क, मंदिर परिसर, लक्ष्मी धर्मशाला तिराहा, तांगा स्टैंड मदरसा अफजल उल तिराहा तक कॉबल स्टोन की सड़क प्रस्तावित की गई है। इसके लिए 50 करोड़ रुपये का अतिरिक्त खर्च बताकर ताजगंज प्रोजेक्ट 217 करोड़ तक पहुंचा दिया गया, लेकिन इससे ताजगंज की मलिन बस्तियों असद गली, कोल्हाई, बिलोचपुरा, दीवान जी मोहल्ला, गली पाड़ा, हातीराम की बगीची, होल्हाई, खेमा बस्ती, नथना नगर, नवादा, पाक टोला, सईद नगर और शेख बुलाकी को शामिल नहीं किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed