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विश्वविद्यालय की परीक्षाओं का हाल, खेत में हल कर रहे थे समाजशास्त्र का पेपर
Wed, 03 Apr 2019 11:40 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 03 Apr 2019 11:40 AM IST
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खेत में पेपर हल करते छात्र
- फोटो : अमर उजाला
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की परीक्षाओं में नकल विहीन के दावे किए जा रहे हैं। लेकिन, इसकी पोल उस समय खुली जब एक खेत में उत्तर पुस्तिका लिखी पाईं गईं। मामला फिरोजाबाद जनपद के जसराना क्षेत्रांतर्गत मुहमम्मदपुर उतरारा का है। यहां डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की बीए तृतीय वर्ष समाजशास्त्र विषय की परीक्षा के दौरान एक खेत में उत्तर-पुस्तिकाएं लिखी जा रही थीं।
एक राहगीर ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। मामला चर्चा में आने पर नजदीक के परीक्षा केंद्र से पता किया गया तो वहां के प्रबंधक ने किसी भी उत्तर पुस्तिका के परीक्षा केंद्र से बाहर जाने से इनकार किया। बताया गया है कि मंगलवार को सुबह की पाली में बीए तृतीय वर्ष की समाजशास्त्र की परीक्षा थी। चार युवक एक परीक्षा केंद्र से करीब पांच सौ मीटर दूर एक खेत में बैठ कर उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहे थे।
किसी राहगीर ने युवकों को खेत में बैठकर उत्तर-पुस्तिकाएं लिखते हुए देखा तो उसने वीडियो बनाया। इसमें एक युवक मोबाइल से बात करते हुए उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहा है। साथ ही साल्व पेपर से नकल करके उत्तर-पुस्तिकाएं खेत में लिख रहे थे। राहगीर के वीडियो बनाते देखकर उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहे युवक खड़े हो जाते हैं और मोबाइल को छीनने लगते हैं। साथ ही युवक कह रहे हैं, ‘दूर के नाए हैं, शाहजहांपुर गांव के हैं, हमाऔ कछू न बिगाड़ सकते।’
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एक राहगीर ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। मामला चर्चा में आने पर नजदीक के परीक्षा केंद्र से पता किया गया तो वहां के प्रबंधक ने किसी भी उत्तर पुस्तिका के परीक्षा केंद्र से बाहर जाने से इनकार किया। बताया गया है कि मंगलवार को सुबह की पाली में बीए तृतीय वर्ष की समाजशास्त्र की परीक्षा थी। चार युवक एक परीक्षा केंद्र से करीब पांच सौ मीटर दूर एक खेत में बैठ कर उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहे थे।
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किसी राहगीर ने युवकों को खेत में बैठकर उत्तर-पुस्तिकाएं लिखते हुए देखा तो उसने वीडियो बनाया। इसमें एक युवक मोबाइल से बात करते हुए उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहा है। साथ ही साल्व पेपर से नकल करके उत्तर-पुस्तिकाएं खेत में लिख रहे थे। राहगीर के वीडियो बनाते देखकर उत्तर-पुस्तिकाएं लिख रहे युवक खड़े हो जाते हैं और मोबाइल को छीनने लगते हैं। साथ ही युवक कह रहे हैं, ‘दूर के नाए हैं, शाहजहांपुर गांव के हैं, हमाऔ कछू न बिगाड़ सकते।’
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वीडियो बनाने वाला युवक बार-बार जयवीर सिंह महाविद्यालय का नाम ले रहा है। लेकिन यह स्पष्ट नहीं हो रहा है कि उत्तर पुस्तिका इसी महाविद्यालय की है। वीडियो बनाता देखकर युवक राहगीर से बहस करते हैं और बाद में बैग उठाकर बाइक से चले जाते हैं। जिस राहगीर ने वीडियो बनाया है खेत भी उसका ही बताया जा रहा है। वहीं परीक्षा नोडल और लोक राष्ट्रीय महाविद्यालय जसराना के प्राचार्य सर्वेश मिश्रा का कहना है कि कोड (1163969) नंबर की उत्तर पुस्तिका हमारे नोडल परिक्षेत्र से गई हैं।
जयवीर सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक राजीव यादव का कहना है कि वीडियो में उत्तर-पुस्तिकाओं पर लिखा कोड (1163969) अंकित है। हमारे कालेज में परीक्षाएं बहुत सख्ती से होती हैं। खेत में कापी लिखे जाने का कोई सवाल नहीं उठता है। हम दावे के साथ कह सकते हैं कि वह उत्तर-पुस्तिकाएं हमारे परीक्षा केंद्र की नहीं हैं।
विश्वविद्यालय पीआरओ डॉ. गिरजाशंकर शर्मा का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन के संज्ञान में मामला नहीं है। इसकी जांच कराई जाएगी। किसी केंद्र से कापियां बाहर गई हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जयवीर सिंह महाविद्यालय के प्रबंधक राजीव यादव का कहना है कि वीडियो में उत्तर-पुस्तिकाओं पर लिखा कोड (1163969) अंकित है। हमारे कालेज में परीक्षाएं बहुत सख्ती से होती हैं। खेत में कापी लिखे जाने का कोई सवाल नहीं उठता है। हम दावे के साथ कह सकते हैं कि वह उत्तर-पुस्तिकाएं हमारे परीक्षा केंद्र की नहीं हैं।
विश्वविद्यालय पीआरओ डॉ. गिरजाशंकर शर्मा का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन के संज्ञान में मामला नहीं है। इसकी जांच कराई जाएगी। किसी केंद्र से कापियां बाहर गई हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।