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UP: फेसबुक फ्रेंड से ब्रेकअप पर छात्र ने किया ऐसा पोस्ट, 11 मिनट में घर पहुंच गई पुलिस; बचा ली किशोर की जान
Tue, 05 May 2026 12:01 AM IST
Arun Parashar
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: Arun Parashar
Updated Tue, 05 May 2026 12:01 AM IST
सार
पुलिस छात्र के कमरे में गई। वह कीटनाशक की बोतल हाथ में लिए था। उसने अपने पास मोटी रस्सी भी रखे हुए थी। पुलिसकर्मियों ने उससे दोनों चीजें ले ली। वह आत्महत्या का प्रयास नहीं कर सका। बाद में उसकी काउंसिलिंग की गई।
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
फेसबुक पर बनी गर्लफ्रेंड से ब्रेकअप होने से 17 वर्षीय छात्र अवसाद में आ गया। उसने सोशल मीडिया पर सुसाइड से संबंधित पोस्ट कर दिया। डीजीपी मुख्यालय को मेटा ने अलर्ट भेजा तो कमिश्नरेट की मीडिया सेल को जानकारी दी गई। सूचना पर 11 मिनट में पुलिस छात्र के घर पहुंच गई। परिजन को जानकारी नहीं थी। उन्हें पता चला तो घबरा गए। पुलिस ने छात्र की काउंसिलिंग की। समझाने के बाद छात्र मान गया। परिजन ने पुलिस का धन्यवाद दिया।
एसीपी डा. सुकन्या शर्मा ने बताया कि जैतपुर निवासी 17 वर्षीय छात्र ने इंस्टाग्राम पर एक पत्र पोस्ट किया था। इसके साथ लिखा कि आपको तकलीफ नहीं देना चाहता था अम्मी, इसलिए अपनी माैत का कारण इस पत्र में लिखता जा रहा हूं मैं, अम्मी माफ कर देना मुझे। एक वीडियो भी डाला। रविवार रात 1:49 बजे मेटा की तरफ से मीडिया सेल को ईमेल से अलर्ट भेजा गया। डीजीपी मुख्यालय से भी जानकारी दी गई। इस पर टीम सक्रिय हो गई।
छात्र की लोकेशन पता की गई। इस पर थाना जैतपुर पुलिस 11 मिनट में छात्र के घर पहुंच गई। परिजन को जानकारी दी गई। पुलिस छात्र के कमरे में गई। वह कीटनाशक की बोतल हाथ में लिए था। उसने अपने पास मोटी रस्सी भी रखे हुए थी। पुलिसकर्मियों ने उससे दोनों चीजें ले ली। वह आत्महत्या का प्रयास नहीं कर सका। बाद में उसकी काउंसिलिंग की गई।
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बीए का है छात्र
पूछताछ में पता चला कि छात्र बीए द्वितीय वर्ष का छात्र है। उसकी दोस्ती फेसबुक के माध्यम से एक युवती से हुई थी। मगर कुछ दिन बाद उससे विवाद हो गया। इससे वो तनाव में आ गया। उसके मन में आत्महत्या का विचार आया। इस पर उसने यह कदम उठाने का प्रयास किया। वह कीटनाशक पीने के बाद फांसी लगाने वाला था। इससे उसके बचने की संभावना नहीं रहती। इस पर छात्र को समझाया गया। उसने इस तरह की गलती फिर नहीं करने का आश्वासन दिया।
पुलिस ने बचाई 58 की जान
एसीपी ने बताया कि सोशल मीडिया पर इस तरह की पोस्ट डालने वालो के बारे में मेटा की ओर से अलर्ट भेजा जाता है। ईमेल और फोन के माध्यम से जानकारी दी जाती है। जनवरी 2023 से 30 अप्रैल तक 2700 की जान उत्तर प्रदेश में बचाई जा चुकी है। एक वर्ष के अंदर आगरा कमिश्नरेट में 58 लोगों को बचाया गया।
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एसीपी डा. सुकन्या शर्मा ने बताया कि जैतपुर निवासी 17 वर्षीय छात्र ने इंस्टाग्राम पर एक पत्र पोस्ट किया था। इसके साथ लिखा कि आपको तकलीफ नहीं देना चाहता था अम्मी, इसलिए अपनी माैत का कारण इस पत्र में लिखता जा रहा हूं मैं, अम्मी माफ कर देना मुझे। एक वीडियो भी डाला। रविवार रात 1:49 बजे मेटा की तरफ से मीडिया सेल को ईमेल से अलर्ट भेजा गया। डीजीपी मुख्यालय से भी जानकारी दी गई। इस पर टीम सक्रिय हो गई।
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छात्र की लोकेशन पता की गई। इस पर थाना जैतपुर पुलिस 11 मिनट में छात्र के घर पहुंच गई। परिजन को जानकारी दी गई। पुलिस छात्र के कमरे में गई। वह कीटनाशक की बोतल हाथ में लिए था। उसने अपने पास मोटी रस्सी भी रखे हुए थी। पुलिसकर्मियों ने उससे दोनों चीजें ले ली। वह आत्महत्या का प्रयास नहीं कर सका। बाद में उसकी काउंसिलिंग की गई।
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बीए का है छात्र
पूछताछ में पता चला कि छात्र बीए द्वितीय वर्ष का छात्र है। उसकी दोस्ती फेसबुक के माध्यम से एक युवती से हुई थी। मगर कुछ दिन बाद उससे विवाद हो गया। इससे वो तनाव में आ गया। उसके मन में आत्महत्या का विचार आया। इस पर उसने यह कदम उठाने का प्रयास किया। वह कीटनाशक पीने के बाद फांसी लगाने वाला था। इससे उसके बचने की संभावना नहीं रहती। इस पर छात्र को समझाया गया। उसने इस तरह की गलती फिर नहीं करने का आश्वासन दिया।
पुलिस ने बचाई 58 की जान
एसीपी ने बताया कि सोशल मीडिया पर इस तरह की पोस्ट डालने वालो के बारे में मेटा की ओर से अलर्ट भेजा जाता है। ईमेल और फोन के माध्यम से जानकारी दी जाती है। जनवरी 2023 से 30 अप्रैल तक 2700 की जान उत्तर प्रदेश में बचाई जा चुकी है। एक वर्ष के अंदर आगरा कमिश्नरेट में 58 लोगों को बचाया गया।