{"_id":"611aacef8ebc3e42e32b1dda","slug":"people-collecting-rent-for-82-houses-built-on-government-land-mainpuri-news-agr503955359","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरकारी जमीन पर बने 82 आवासों का किराया वसूल रहे लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरकारी जमीन पर बने 82 आवासों का किराया वसूल रहे लोग
विज्ञापन
मैनपुरी। सरकारी जमीन पर बनी कांशीराम कॉलोनी में 82 लोग आवासों को किराए पर उठाकर किराया वसूल रहे हैं। डीएम के आदेश पर कराई गई जांच में सत्यापन समिति की रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है। किराए पर उठाए गए आवासों को चिह्नित कर आवंटियों को नोटिस जारी किए गए हैं। नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर आवंटित आवासों को निरस्त करने की चेतावनी दी गई है।
बसपा शासन में बनी कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत में गरीब और आवासहीन लोगों को पात्रता के आधार पर आवास आवंटित किए गए थे। लाभार्थियों को आवास आवंटित करने के बाद कब्जा और दखल देकर आवासों की चाबियां भी दे दी गईं। आवंटित आवासों को किराये पर उठाए जाने की शिकायत पर डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने जांच कराई। सत्यापन समिति ने आवासों की घर-घर जाकर जांच की। जांच में साफ हुआ कि 82 आवंटित आवासों को किराये पर उठाकर लाभार्थी किराया वसूल कर रहे हैं।
सत्यापन समिति ने अपनी रिपोर्ट आठ जून 2018 को डीएम को सौंप दी। सत्यापन समिति की रिपोर्ट आने के बाद डीएम के आदेश पर परियोजना अधिकारी जिला नगरीय विकास अभिकरण ने सभी आवंटियों को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में अपना पक्ष रखने को कहा है। नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर आवंटन निरसत करने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
--------
222 आवास चिह्नित
सत्यापन समिति ने कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत के 222 आवासों को चिह्नित किया है। राजस्व विभाग, जिला नगरीय विकास अभिकरण, नगर पालिका कर्मियों की संयुक्त समिति ने 82 आवासों में किरायेदार रहने और 140 आवासों में ताला बंद रहने की रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट के अनुसार 140 लोग आवंटित आवासों में न रहकर अपने निजी आवासों में रह रहे हैं। आवास आवंटन के बाद उनको पड़ोसियों ने कभी भी आवासों में रहते हुए नहीं देखा है।
--------
सत्यापन समिति ने की मनमानी
कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत के आवासों की जांच में धांधली की गई है। सत्यापन समिति ने एक स्थान पर बैठकर जांच रिपोर्ट तैयार की है। 50 से अधिक आवासों में आवंटियों के रहने के बाद भी आवासों में ताला बंद होने की रिपोर्ट दी गई है। आवासों को किराए पर उठाने की रिपोर्ट भी सही नहीं है। आवंटी के भाई अथवा मां के साथ रहने पर उसे किराएदार बताया गया है।
रणजीत सिंह, सभासद कांशीराम कॉलोनी
----------
डीएम के निर्देश पर बनी सत्यापन समिति की जांच रिपोर्ट में 222 आवासों में लाभार्थियों के नहीं रहने की बात सामने आई है। सभी को नोटिस जारी कर कांशीराम कॉलोनी में पांच स्थानों पर सूची चस्पा कराई गई है। एक सप्ताह में नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर आवंटन निरसत करने की कार्रवाई की जाएगी।
आरके सिंह परियोजना अधिकारी
विज्ञापन
बसपा शासन में बनी कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत में गरीब और आवासहीन लोगों को पात्रता के आधार पर आवास आवंटित किए गए थे। लाभार्थियों को आवास आवंटित करने के बाद कब्जा और दखल देकर आवासों की चाबियां भी दे दी गईं। आवंटित आवासों को किराये पर उठाए जाने की शिकायत पर डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने जांच कराई। सत्यापन समिति ने आवासों की घर-घर जाकर जांच की। जांच में साफ हुआ कि 82 आवंटित आवासों को किराये पर उठाकर लाभार्थी किराया वसूल कर रहे हैं।
विज्ञापन
सत्यापन समिति ने अपनी रिपोर्ट आठ जून 2018 को डीएम को सौंप दी। सत्यापन समिति की रिपोर्ट आने के बाद डीएम के आदेश पर परियोजना अधिकारी जिला नगरीय विकास अभिकरण ने सभी आवंटियों को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में अपना पक्ष रखने को कहा है। नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर आवंटन निरसत करने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
--------
222 आवास चिह्नित
सत्यापन समिति ने कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत के 222 आवासों को चिह्नित किया है। राजस्व विभाग, जिला नगरीय विकास अभिकरण, नगर पालिका कर्मियों की संयुक्त समिति ने 82 आवासों में किरायेदार रहने और 140 आवासों में ताला बंद रहने की रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट के अनुसार 140 लोग आवंटित आवासों में न रहकर अपने निजी आवासों में रह रहे हैं। आवास आवंटन के बाद उनको पड़ोसियों ने कभी भी आवासों में रहते हुए नहीं देखा है।
--------
सत्यापन समिति ने की मनमानी
कांशीराम कॉलोनी नगला कीरत के आवासों की जांच में धांधली की गई है। सत्यापन समिति ने एक स्थान पर बैठकर जांच रिपोर्ट तैयार की है। 50 से अधिक आवासों में आवंटियों के रहने के बाद भी आवासों में ताला बंद होने की रिपोर्ट दी गई है। आवासों को किराए पर उठाने की रिपोर्ट भी सही नहीं है। आवंटी के भाई अथवा मां के साथ रहने पर उसे किराएदार बताया गया है।
रणजीत सिंह, सभासद कांशीराम कॉलोनी
----------
डीएम के निर्देश पर बनी सत्यापन समिति की जांच रिपोर्ट में 222 आवासों में लाभार्थियों के नहीं रहने की बात सामने आई है। सभी को नोटिस जारी कर कांशीराम कॉलोनी में पांच स्थानों पर सूची चस्पा कराई गई है। एक सप्ताह में नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर आवंटन निरसत करने की कार्रवाई की जाएगी।
आरके सिंह परियोजना अधिकारी