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मोहर्रम: शुरू हुआ मजलिसों का दौर, इराक के रोजे की प्रतिकृति है अजाखाना का ताजिया
Mon, 02 Sep 2019 12:10 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Mon, 02 Sep 2019 12:10 AM IST
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इराक के रोजे की प्रतिकृति का अजाखाना का ताजिया
- फोटो : अमर उजाला
शहर के शिया इमामबाड़ों में ताजियों को सजा दिया गया है। शाहगंज में इमामबाड़ा अजाखाना का ताजिया एक सौ साल से ज्यादा पुराना है। ये ताजिया सोने-चांदी समेत आठ कीमती धातुओं के मिश्रण से बना इराक स्थित हजरत इमाम हुसैन के रोजा ए मुबारक की प्रतिकृति है।
इस ताजिये के स्थान को अजाखाना नाम भी इसीलिए दिया गया, इसका अर्थ है इबादत का स्थान। अजाखाने के हाशिम रजा रिजवी बताते हैं कि ताजिये को बनवाने के लिए उनके बुजुर्गों ने कारीगरों को इराक भेजा था। इसमें उनके दादा आगा अबुल कासिम रिजवी ने तैयार करवाया था।
इमामबाड़ा नियाज अली में जरी का ताजिया भी 150 साल पुराना है। इस ताजिये को रामपुर से बनवाया गया था। लकड़ी पर जरी की कारीगरी से बनवाया गया ताजिया खास है। मोहर्रम पर इसकी जियारत के लिए अकीदतमंद पहुंचते हैं। मजलिसें भी होती हैं। इसकी देखरेख जफर रिजवी करते हैं।
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इस ताजिये के स्थान को अजाखाना नाम भी इसीलिए दिया गया, इसका अर्थ है इबादत का स्थान। अजाखाने के हाशिम रजा रिजवी बताते हैं कि ताजिये को बनवाने के लिए उनके बुजुर्गों ने कारीगरों को इराक भेजा था। इसमें उनके दादा आगा अबुल कासिम रिजवी ने तैयार करवाया था।
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इमामबाड़ा नियाज अली में जरी का ताजिया भी 150 साल पुराना है। इस ताजिये को रामपुर से बनवाया गया था। लकड़ी पर जरी की कारीगरी से बनवाया गया ताजिया खास है। मोहर्रम पर इसकी जियारत के लिए अकीदतमंद पहुंचते हैं। मजलिसें भी होती हैं। इसकी देखरेख जफर रिजवी करते हैं।
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इमामबाड़ों में रविवार से मजलिसों का दौर शुरू हो गया। चिल्लीपाड़ा स्थित पुराना इमामबाड़े में मौलाना तुराबी ने मजलिस को खिताब किया। मौलाना ने कहा कि अजादारी हुसैन मोहसिन-ए-इंसानियत है।
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दुनिया के गैरतमंद इंसान पर फर्श-ए-अजा बिछाकर मोहसिन-ए-इंसानियत को खिराज-ए-अकीदत पेश करने का मौका है। हजरत इमाम हुसैन और अहले खानदान ने इंसानियत की खातिर खुद की शहादत दे दी। सभी इमामबाड़ों में हजरत इमाम हुसैन के बलिदान और उनके हज को उमराह में तब्दील करके करबला की ओर रवानगी के बारे में बताया गया।
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