{"_id":"642d2957c028ee54e40a57f5","slug":"mosquitoes-are-growing-in-canal-built-in-front-of-taj-mahal-in-agra-tourists-are-afraid-of-disease-2023-04-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"ताजमहल के सामने बनी नहर में मच्छरों का डेरा: बीमारी का सता रहा डर, स्मार्ट सिटी पर अखिलेश यादव ने भी कसा तंज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ताजमहल के सामने बनी नहर में मच्छरों का डेरा: बीमारी का सता रहा डर, स्मार्ट सिटी पर अखिलेश यादव ने भी कसा तंज
Wed, 05 Apr 2023 01:25 PM IST
भूपेन्द्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Wed, 05 Apr 2023 01:25 PM IST
सार
आगरा स्थित ताजमहल के सामने बनी नहर में मच्छरों का डेरा है। इससे यहां आने वाले देश-विदेश के पर्यटकों को बीमारी का डर सता रहा है। वैश्विक पर्यटन स्थल और स्मार्ट सिटी की इस स्थिति पर सपा मुखिया अखिलेश यादव ने भी सरकार पर तंज कसा है।
विज्ञापन
ताजमहल के सामने बनी नहर में पनप रहे मच्छर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तर प्रदेश के आगरा स्थित ताजमहल की नहर में मच्छर पनपन रहे हैं। इससे यहां देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को बीमार होने का डर सता रहा है। इसका फोटो अमर उजाला ने प्रकाशित किया। इसे पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी ट्वीट किया। उन्होंने प्रदेश सरकार के स्मार्ट सिटी के दावे पर कटाक्ष किया। अखिलेश यादव ने भाजपा का मेयर होने पर भी सवाल खड़े किए। कहा कि आगरा खुला चिड़ियाघर बन गया है। वहीं यमुना नदी गंदगी से लबालब है।
विज्ञापन
विज्ञापन
15 दिन में एक बार की जाती है सफाई
दूसरी ओर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने ताजमहल की नहर में मच्छरों के पनपने के फोटो के बाद सुबह से ही सफाई कराना शुरू कर दिया। बुधवार को पानी निकलने के बाद इसकी तलीझाड़ सफाई कराई जाएगी। एएसआई अधीक्षण पुरातत्वविद डॉ. राजकुमार पटेल ने बताया कि 15 दिन में एक बार ताजमहल की नहर की सफाई कराई जाती है। इस बार आंधी आने से धूल और मिट्टी ज्यादा जमा हो गई।
विज्ञापन
'जल्दी-जल्दी नहीं कराई जा सकती सफाई'
बताया कि घास काटने के कारण मच्छर आ गए। इसकी सफाई का तय शेडयूल बृहस्पतिवार और शुक्रवार था, लेकिन मंगलवार को ही सफाई कराने का काम शुरू कर दिया गया है। नहर के पत्थर पुराने हैं, जिसकी जल्दी-जल्दी सफाई नहीं कराई जा सकती। सफाई के साथ पत्थरों का क्षरण होता है। ज्यादा मात्रा में यहां केमिकल का इस्तेमाल नहीं कर सकते। कहीं पत्थरों को यह नुकसान न पहुंचाए।
विज्ञापन