श्रीकृष्ण जन्मभूमि मामला: रिवीजन याचिका पर सुनवाई आज, अदालत में शाही मस्जिद पक्ष रखेगा दलील
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मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि मामले में प्रतिवादी पक्ष शाही मस्जिद ईदगाह की दलीलों और आपत्ति पर गुरुवार को जिला जज की अदालत में सुनवाई होगी। 18 जनवरी को हुई सुनवाई में शाही मस्जिद पक्ष ने श्रीकृष्ण विराजमान की ओर से दाखिल दावे की अपील को गलत बताया था। अदालत ने प्रतिवादी की आपत्ति को स्वीकार करते हुए अपील को संशोधित करते हुए रिवीजन में बदल दिया है।
बता दें कि अधिवक्ता रंजना अग्निहोत्री व अन्य ने श्रीकृष्ण विराजमान के भक्त के रूप में 25 सितंबर 2020 को अदालत में दावा किया था कि शाही मस्जिद ईदगाह के साथ वर्ष 1967 में हुए समझौते के बाद हुई डिक्री (न्यायिक निर्णय) को रद्द कर दिया जाए। जिससे कि श्रीकृष्ण जन्मस्थान से संबंधित कटरा केशवदेव की 13.37 एकड़ जमीन श्रीकृष्ण विराजमान को मिल सके।
इस दावे में वादी की ओर से यूपी सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन, शाही मस्जिद ईदगाह के सचिव, श्रीकृष्ण जन्मभूमि ट्रस्ट के ट्रस्टी और श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव को प्रतिवादी बनाया गया था। श्रीकृष्ण विराजमान का दावा सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत के अनुपस्थित होने के कारण फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुना गया और उसे प्रकीर्ण वाद में दर्ज किया गया।
सात जनवरी को दाखिल की गई थी आपत्ति
इस मामले में सुनवाई जिला जज यशवंत कुमार मिश्र की अदालत में चल रही थी। इसमें सात जनवरी को शाही मस्जिद ईदगाह के सचिव अधिवक्ता तनवीर अहमद द्वारा आपत्ति दर्ज करते हुए अदालत में प्रार्थनापत्र दिया कि श्रीकृष्ण विराजमान की ओर से दाखिल की गई अपील प्रकीर्ण वाद में दर्ज होने के कारण सुनवाई योग्य नहीं है।
इस प्रार्थनापत्र पर अदालत में 18 जनवरी को बहस हुई। इस बहस के बाद जिला जज ने आपत्ति को स्वीकार करते हुए निर्णय दिया कि इस दावे की सुनवाई अब निगरानी में रिवीजन के रूप में होगी। इसके लिए अदालत ने 28 जनवरी की तारीख तय की है। इस पर आज सुनवाई होगी।