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Agra News: आरओ कोर्टः वकीलों का एलान सोमवार को लेंगे बड़ा फैसला

Sat, 23 Aug 2025 11:19 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Sat, 23 Aug 2025 11:19 PM IST
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mainpuri news ro court
फोटो 28 पत्रकारों से वार्ता करते कलेक्ट्रट बार एसोसिएशन के पदाधिकारी। संवाद
मैनपुरी। राजस्व कोर्ट में नए वाद दाखिल कराने की मांग के लिए अधिवक्ताओं ने शनिवार को भी कार्य बहिष्कार किया। कहा कि वकील हार नहीं मानेंगे और सोमवार को बड़ा फैसला लेंगे।वकील और वादकारी 50 दिनों से परेशान हैं। धारा 229बी, 206 और अनुसूची 3 में जो अधिकार क्षेत्र हैं, उस पर सही तथ्य नहीं दिए जा रहे। 1953 से ही आरओ कोर्ट चल रहा है। लगातार सुनवाई हो रही है। फिर अचानक कोर्ट को बंद किया जाना उचित नहीं है। पूर्व बार सचिव संजय त्रिवेदी ने कहा कि हड़ताल अनुसूची 3 और धारा 206 का हवाला दे रहे हैं कि इन धाराओं में एसडीएम को ही सुनवाई का अधिकार है। सहायक कलेक्टर के पद को लेकर कोई भ्रम नहीं है। कलेक्ट्रेट बार अध्यक्ष सवेंद्र सिंह यादव ने कहा कि डीएम जनहित में नए वादों को लेने का आदेश जारी करें। उन्होंने कहा कि 229 बी के तहत किस अधिवक्ता ने 150 बीघा जमीन अपने नाम करा ली, उसका नाम सार्वजनिक किया जाए। किसी भी व्यक्ति के नाम साढ़े बारह हेक्टेयर से अधिक जमीन नहीं रह सकती। इससे अधिक जमीन किसी के नाम संभव नहीं है। 229 बी में डीएम और ग्राम प्रधान को पक्षकार बनाया जाता है। 60 दिन पहले डीएम को भी सूचना दी जाती है। साक्ष्यों के आधार पर स्वामित्व की घोषणा कोर्ट का काम है। इस दौरान एसोसिएशन के सचिव अशोक बाबू, दीवानी बार सचिव बृजेंद्र सिंह यादव, रामपाल यादव, दिनेश यादव, अभिषेक मिश्रा, आशीष सक्सेना, योगेश दुबे, सुल्तान सिंह यादव, सौरभ पांडेय, अभिषेक मिश्रा, रोहित दीक्षित, सुरेंद्र पाल पांडे, सतेंद्र पाल आदि मौजूद रहे।
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सांसद डिंपल यादव ने हड़ताल को दिया समर्थन
मैनपुरी। सांसद डिंपल यादव ने वकीलों की हड़ताल को समर्थन दिया है। सांसद ने डीएम को पत्र लिखा है और कहा है कि आरओ कोर्ट में नए वादों की सुनवाई को अचानक रोक दिया जाना अधिवक्ताओं की उपेक्षा है। साथ ही न्याय के लिए आने वाले वादकारियों के अधिकारों का हनन है। इससे अधिवक्ताओं में असंतोष है। इस स्थिति को स्वीकार नहीं किया जा सकता। ये मुद्दा जनता के अधिकारों और जनता के न्याय से जुड़ा है।
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