{"_id":"68c5b898588205899e06d0e9","slug":"mainpuri-news-inspire-award-mainpuri-news-c-174-1-mt11005-145064-2025-09-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंस्पायर अवाॅर्ड : आवेदन के दो दिन शेष, 48% लक्ष्य चुनौती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंस्पायर अवाॅर्ड : आवेदन के दो दिन शेष, 48% लक्ष्य चुनौती
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मैनपुरी। जिले में इंस्पायर अवाॅर्ड में विद्यालय रूचि नहीं दिखा रहे हैं। इसके चलते मात्र 52 प्रतिशत ही आवेदन हो सका है। विभाग के सामने दो दिन में 48 प्रतिशत आवेदन की चुनौती है। शासन स्तर की समीक्षा में यह मामला खुला है। इसके बाद डीआईओएस ने नाराजगी जताते हुए लक्ष्य को पूरा करने का निर्देश जिम्मेदारों को दिया है। लक्ष्य पूरा न होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जिले में इंस्पायर अवाॅर्ड के लिए कुल 5000 छात्रों का लक्ष्य मिला है। इसके लिए सभी विद्यालयों को पांच-पांच छात्रों का नामांकन कराना है। जिले में अभी तक ज्यादातर निजी विद्यालयों ने इसमें रुचि नहीं दिखाई है।
इसके चलते नामांकन की संख्या काफी कम है। जिले में अभी तक मात्र 2600 ही नामांकन हो पाया है। आवेदन की अंतिम तिथि 15 सितंबर है। शेष बचे दो दिनों में 2400 बच्चों से योजना के लिए आवेदन कराना और निर्धारित लक्ष्य पूरा कर पाना विभाग के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है।
विज्ञापन
जिले के 1550 विद्यालयों के लिए 5000 नामांकन का लक्ष्य रखा गया है। हर स्कूल से पांच नामांकन अपलोड करने में रुचि नहीं ले रहे हैं। यही वजह है कि शुक्रवार तक कुल 2600 नामांकन ही हो सके थे। नामांकन की खराब स्थिति पर डीआईओएस सतीश कुमार ने नाराजगी जाहिर करते हुए इसे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। चेताया है कि नामांकन में लापरवाही बरतने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
मैनपुरी। जिले में इंस्पायर अवाॅर्ड में विद्यालय रूचि नहीं दिखा रहे हैं। इसके चलते मात्र 52 प्रतिशत ही आवेदन हो सका है। विभाग के सामने दो दिन में 48 प्रतिशत आवेदन की चुनौती है। शासन स्तर की समीक्षा में यह मामला खुला है। इसके बाद डीआईओएस ने नाराजगी जताते हुए लक्ष्य को पूरा करने का निर्देश जिम्मेदारों को दिया है। लक्ष्य पूरा न होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जिले में इंस्पायर अवाॅर्ड के लिए कुल 5000 छात्रों का लक्ष्य मिला है। इसके लिए सभी विद्यालयों को पांच-पांच छात्रों का नामांकन कराना है। जिले में अभी तक ज्यादातर निजी विद्यालयों ने इसमें रुचि नहीं दिखाई है।
विज्ञापन
इसके चलते नामांकन की संख्या काफी कम है। जिले में अभी तक मात्र 2600 ही नामांकन हो पाया है। आवेदन की अंतिम तिथि 15 सितंबर है। शेष बचे दो दिनों में 2400 बच्चों से योजना के लिए आवेदन कराना और निर्धारित लक्ष्य पूरा कर पाना विभाग के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है।
विज्ञापन
जिले के 1550 विद्यालयों के लिए 5000 नामांकन का लक्ष्य रखा गया है। हर स्कूल से पांच नामांकन अपलोड करने में रुचि नहीं ले रहे हैं। यही वजह है कि शुक्रवार तक कुल 2600 नामांकन ही हो सके थे। नामांकन की खराब स्थिति पर डीआईओएस सतीश कुमार ने नाराजगी जाहिर करते हुए इसे बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। चेताया है कि नामांकन में लापरवाही बरतने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाएगी।