Firozabad: अपराधियों को सजा दिलायेगा पैरवी रजिस्टर, गंभीर मामलों पर रहेगी पुलिस की नजर
बड़ी वारदातों को अंजाम देने वाले अपराधियों को पुलिस केवल गिरफ्तार कर जेल भेजने तक ही सीमित नहीं रहेगी, बल्कि अदालत से सजा दिलाने का काम भी करेगी। इसके लिए थानों में पैरवी रजिस्टर बनाए जाएंगे।
विस्तार
फिरोजाबाद में अपराधियों पर निगाह रखने के लिए थानों में पैरवी रजिस्टर बनाए जाएंगे। इसमें केस से जुड़ी हर गतिविधि दर्ज रहेगी। जिससे पुलिस को याद रहे कि कौन का मुकदमा किस स्टेज तक पहुंच गया है। पुलिस गंभीर मामलों में अपराधियों को सजा दिलाने का काम भी करेगा।
अक्सर पुलिस तहरीर के आधार पर मामला दर्ज करती है और विवेचना कर चार्जशीट लगा देती है। गंभीर मामलों में अपराधियों को तुरंत गिरफ्तार कर लिया जाता है। चार्जशीट के बाद पुलिस अपना काम पूरा मान लेती है। जब न्यायालय से वारंट आते हैं तभी पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार करके न्यायालय में पेश करती है लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। तमाम गंभीर मामलों पर पुलिस की नजर रहेगी। कौन से मुकदमे में क्या चल रहा है। इसे याद रखने के लिए एक पैरवी रजिस्टर बनेगा। इसमें एफआईआर दर्ज करने से लेकर चार्जशीट लगाने, आरोपियों की संख्या, कितने बाहर, कितने जेल में, किसकी जमानत हो चुकी है, कौन गवाह है, उनकी गवाही हुई या नहीं, यह सब दर्ज किया जाएगा।
जघन्य अपराधों पर रहेगी खास नजर
पैरवी रजिस्टर खासतौर पर जघन्य अपराधों में नामजद अपराधियों को सजा दिलाने के लिए बनाया जाएगा। इसमें लूट, डकैती, दुष्कर्म, हत्या, पाक्सो एक्ट, महिलाओं से संबंधित मामलों समेत तमाम अपराध प्राथमिक दृष्टि से लिए जाएंगे।
वादी को मिलेगी राहत
आमतौर पर केस दर्ज कराने वाला व्यक्ति अपराधी को सख्त से सख्त दिलाना चाहता है। वैसे यह सब मामले की गंभीरता, धारा, सबूत और गवाहों पर निर्भर रहता है लेकिन वह सजा दिलाने के लिए पूरी भागदौड़ करता है। पैरवी रजिस्टर बनने के बाद उसका आधा काम पुलिस करेगी। कहीं गवाही नहीं हुई है तो गवाही भी कराई जाएगी।
ये बोले एसपी सिटी
एसपी सिटी मुकेश चंद्र मिश्र ने बताया कि थानों में पैरवी रजिस्टर बनाए जा रहे हैं। इसमें गंभीर अपराधों से संबंधित सभी जानकारियां दर्ज होंगी। कौन सा मामला किस स्टेज में है। यह सब लिखा जाएगा। उसी के अनुसार पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी। गवाही नहीं तो गवाही कराई जाएगी।