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स्वयंसेवी के भरोसे जिले को साक्षर करने की नैय्या कैसे लगेगी पार

Wed, 07 Sep 2022 11:30 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Wed, 07 Sep 2022 11:30 PM IST
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How will it take to make the district literate with the help of volunteers?
मैनपुरी।
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जिले में निरक्षरता को कम करने की कोई ठोस योजना संचालित नहीं हो रही है। इसके चलते जिले में आज भी 76 हजार से अधिक लोग निरक्षर हैं। साक्षर भारत मिशन योजना चार साल से बंद पड़ी हुई है। पुरुषों की तुलना में महिलाएं अधिक हैं निरक्षर।
निरक्षरों की साक्षरता के लिए सरकार नव भारत साक्षरता मिशन लाई है। हालांकि नव भारत साक्षरता मिशन के लिए अभी तक जिले में कोई प्लान तक तैयार नहीं हुआ है। जिले में यदि साक्षरता की बात करें तो जिले की वर्तमान साक्षरता दर 78.26 प्रतिशत है। पुरुषों और महिलाओं की बात करें तो अभी भी महिलाएं पुरुषों से साक्षरता में काफी पीछे हैं। जिले में 85.66 प्रतिशत पुरुष साक्षर हैं, जबकि महिलाओं की साक्षरता का प्रतिशत अभी भी 67.43 ही है।
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साक्षर भारत मिशन योजना के जिला समन्वयक रणधीर बहादुर ने बताया कि जिले में पूर्व में साक्षर भारत मिशन योजना का संचालन किया गया था। इस योजना के तहत जिले के लाखों लोगों को साक्षर किया गया। यह योजना पिछले तीन साल से बंद है।
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साक्षर भारत मिशन योजना ने 3.50 लाख लोगों को किया साक्षर
वर्ष 2010 में जिले में साक्षर भारत मिशन योजना शुरू की गई थी। यह योजना पहले तो तीन साल तक जिले में प्रेरकों को चयन में ही लटकी रही। वर्ष 2013 में जिले में योजना का शुरू किया जा सका। योजना के जुलाई 2013 से 31 मार्च 2018 तक जिले में 3.50 लाख लोगों को साक्षर किया गया। पिछले चार साल से लोक शिक्षा केंद्रों पर ताला लटका हुआ है। जिससे जिले में शेष बचे 76 हजार से अधिक लोगों को साक्षर बनने का मौका नहीं मिल सका।
मयंका महिलाओं को सिखा रही हस्ताक्षर
प्राइमरी विद्यालय चनेपुर छबीलेपुर बेवर पर तैनात शिक्षिका मयंका शर्मा महिलाओं को साक्षर बनाने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं। वे विद्यालय में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के घरों में निरक्षर महिलाओं को हस्ताक्षर करना सिखा रही हैं। बच्चे और अभिभावकों से जानकारी मिलने पर मयंका संबंधित महिला के घर पहुंचकर उसे हस्ताक्षर करना सिखाती हैं।
निरक्षर लोग यहां करें संपर्क
बीएसए दीपिका गुप्ता ने बताया कि जिले में निरक्षरों को साक्षर बनाने के लिए शीघ्र ही जिले में नव भारत साक्षरता कार्यक्रम का शुभारंभ होने जा रहा है। फिलहाल निरक्षर लोगों के संबंध में बीएसए और डायट कार्यालय को सूचना दी जाए।

निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने के लिए नव भारत साक्षरता मिशन योजना संचालित होने जा रही है। योजना के तहत स्वयंसेवियों की मदद से निरक्षर लोगों को साक्षर बनाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। शीघ्र ही जिले में योजना को प्रभावी बनाया जाएग। - दीपिका गुप्ता, बीएसए
हाईलाइर्ट्स
78.26 प्रतिशत जिले की है साक्षरता दर
85.66 प्रतिशत पुरुष जिले में हैं साक्षर
67.43 प्रतिशत महिलाएं जिले में हैं साक्षर
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