{"_id":"6700b9679f2145fac609c4e8","slug":"health-department-raid-fake-doctor-ran-away-after-leaving-patient-team-ran-and-caught-him-2024-10-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वास्थ्य विभाग का छापा: मरीज छोड़कर भागा झोलाछाप, ग्लूकोज चढ़ा रहा था...टीम ने दौड़ लगाकर पकड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वास्थ्य विभाग का छापा: मरीज छोड़कर भागा झोलाछाप, ग्लूकोज चढ़ा रहा था...टीम ने दौड़ लगाकर पकड़ा
Sat, 05 Oct 2024 09:28 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 05 Oct 2024 09:28 AM IST
सार
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने फतेहाबाद में झोलाछाप के यहां छापा मारा। यहां पर झोलाछाप मरीजों को ग्लूकोज चढ़ा रहा था। टीम को देखते ही उसने दौड़ लगा दी। टीम के सदस्यों ने पीछा कर उसे दबोचा।
विज्ञापन
झोलाछाप डॉक्टर का दवाखाना सील
विस्तार
आगरा में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने फतेहाबाद में मरीजों को ग्लूकोज चढ़ाते हुए झोलाछाप पकड़ा। टीम को देखकर वह भागने लगा, जिसे दौड़कर पकड़ लिया। इस पर चिकित्सकीय डिग्री और लाइसेंस भी नहीं था। यहां दवाएं भी भरी हुई थीं। टीम ने दुकान बंद करा दी है। नोटिस भी दिया है।
सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि फतेहाबाद में मेडिकल स्टोर के पीछे झोलाछाप मरीजों का इलाज कर रहा था। टीम को देख भागने लगा, उसे पकड़ लिया गया। दुकान में टीम गई तो अंदर तीन बेंच पड़ी थीं। इसमें दो पर मरीजों को ग्लूकोज चढ़ाया जा रहा था। इनमें से एक महिला और दूसरा पुरुष था। तीसरी महिला बच्चे को लेकर आई थी, इसको भी दवा दी थी।
पूछताछ में इलाज करने वाले ने अपना नाम गोपाल बताया, जिस पर कोई चिकित्सकीय डिग्री-क्लीनिक चलाने का लाइसेंस नहीं मिला। मरीजों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भेजकर दुकान बंद करा दी। संचालक को नोटिस देकर चिकित्सकीय डिग्री, क्लीनिक का लाइसेंस समेत अन्य रिकाॅर्ड मांगे हैं। तीन दिन में ऐसा नहीं करने पर एफआईआर कराई जाएगी।
विज्ञापन
बिना डॉक्टरों के चलते मिला अस्पताल
सीएमओ ने बताया कि फतेहाबाद में ही कृष्णा हॉस्पिटल और चरक हॉस्पिटल में टीम जांच करने के लिए गई। अस्पताल पंजीकृत थे, लेकिन मौके पर चिकित्सक नहीं मिला। स्टाफ ने बताया चिकित्सक बाहर गए हैं। इस पर टीम ने कहा कि उनकी अनुपस्थिति में मरीजों का उपचार कौन कर रहा है। संचालकों को नोटिस दिया गया है।
विज्ञापन
सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि फतेहाबाद में मेडिकल स्टोर के पीछे झोलाछाप मरीजों का इलाज कर रहा था। टीम को देख भागने लगा, उसे पकड़ लिया गया। दुकान में टीम गई तो अंदर तीन बेंच पड़ी थीं। इसमें दो पर मरीजों को ग्लूकोज चढ़ाया जा रहा था। इनमें से एक महिला और दूसरा पुरुष था। तीसरी महिला बच्चे को लेकर आई थी, इसको भी दवा दी थी।
विज्ञापन
पूछताछ में इलाज करने वाले ने अपना नाम गोपाल बताया, जिस पर कोई चिकित्सकीय डिग्री-क्लीनिक चलाने का लाइसेंस नहीं मिला। मरीजों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भेजकर दुकान बंद करा दी। संचालक को नोटिस देकर चिकित्सकीय डिग्री, क्लीनिक का लाइसेंस समेत अन्य रिकाॅर्ड मांगे हैं। तीन दिन में ऐसा नहीं करने पर एफआईआर कराई जाएगी।
विज्ञापन
बिना डॉक्टरों के चलते मिला अस्पताल
सीएमओ ने बताया कि फतेहाबाद में ही कृष्णा हॉस्पिटल और चरक हॉस्पिटल में टीम जांच करने के लिए गई। अस्पताल पंजीकृत थे, लेकिन मौके पर चिकित्सक नहीं मिला। स्टाफ ने बताया चिकित्सक बाहर गए हैं। इस पर टीम ने कहा कि उनकी अनुपस्थिति में मरीजों का उपचार कौन कर रहा है। संचालकों को नोटिस दिया गया है।