फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   happiness of Eid turned into mourning: Five friends drowned in the canal family members were distraught

ईद की खुशियां मातम में बदलीं: नहर में डूब गए पांच दोस्त, बदहवास हुए परिजन; घरों में गूंज उठी चीत्कार

Fri, 12 Apr 2024 11:44 AM IST
धीरेन्द्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Fri, 12 Apr 2024 11:44 AM IST
सार

झाल के पुल के पिकनिक प्वाइंट हजारा नहर पर पांच किशोरों के डूबने की खबर जब परिवारों को लगी तो चीत्कार मच गई। बड़ी संख्या में लोग यहां एकत्र हो गए। हर कोई किशोरों की सलामती के लिए दुआ करता नजर आया।

विज्ञापन
happiness of Eid turned into mourning: Five friends drowned in the canal family members were distraught
हादसे से पहले ली गई सेल्फी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कासगंज झाल के पुल के पिकनिक प्वाइंट हजारा नहर पर जैसे ही हादसे के शिकार किशोरों के परिजन पहुंचे तो एकदम वो बदहवास हो गए। ईद की खुशियां मातम में बदलती हुईं नजर आईं। सभी के घरों में ईद की खुशियां मनाई जा रहीं थीं, लेकिन हादसे ने परिजनों को झकझोर कर रख दिया। उनके मुंह से आह व चीत्कार ही निकल रही थी। मंजर ऐसा था कि मौके पर पहुुंचे लोग भी गमगीन हो गए।

विज्ञापन


घटना की सूचना के बाद करीब 3:20 बजे एटा के नगला पोता गांव से परिवार के लोग आए। डूबकर लापता हुए आसिफ की मां शबीना बेगम व भाई शान मोहम्मद मौके पर पहुंचा। वह बुरी तरह से बिलख पड़ा। उसने बताया कि नमाज के बाद आशिफ अपने दोस्तों के साथ निकल आया। घर पर भी इस बात की जानकारी नहीं थी। वह सिलाई का कार्य करता था। भाई बार-बार आसिफ को कलेजे का टुकड़ा कहकर पुकार रहा था। वहीं किशोर सलमान की मां नसरीन भी रो-रोकर बेसुध हो रही थी। उसके साथ परिवार की अन्य महिलाएं भी थीं।
विज्ञापन


परिवार की महिलाएं नसरीन को पानी पिलाकर ढांढस  बंधा रहीं थीं। नसरीन ने बताया कि सलमान ने नहर की बात नहीं बताई थी। वह घर पर बोला था कि स्विमिंग पुल पर नहाने जा रहा है। नहर में डूबे जाहिद के पिता मेहंदी हसन, चाचा मुन्ने भी जाहिद के डूबने से बेहद परेशान थे। उनका रो-रोकर बुरा हाल था। चाचा अपना सब्र खोकर बेसुध हो रहे थे। इसी तरह से अन्य सभी किशोरों के परिजनों का हाल था। जैसे ही जिसको सूचना मिल रही थी वैसे-वैसे वह घटनास्थल पर पहुंचते जा रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


350 रुपये में ई-रिक्शा में बैठकर आए थे किशोर
गांव से ही किशोरों ने ई-रिक्शा किराए पर तय कर लिया था। 350 रुपये में फहीम से किराया तय करके ई-रिक्शा लाए थे। हादसे में डूबा युवक जाहिद खुद ई-रिक्शा को चलाकर लाया था। हादसे में बचे युवक सोहेल ने इस बात की जानकारी दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed