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Agra News: राजा मंडी बाजार में 1500 रुपये रोज में बिक रहा फुटपाथ
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राजा मंडी बाजार में फुटपाथ पर सजा बाजार स्त्रोत अमर उजाला
आगरा। राजा मंडी स्थित जिस लाभचंद मार्केट का पट्टा नौ रुपये सालाना में हुआ था। वहां फुटपाथ 1500 रुपये रोज पर बिक रहा है। यह हाल तब है जब नगर निगम फुटपाथ अतिक्रमण पर 10 लाख रुपये का प्रतिदिन का जुर्माना लगा चुका है। फिर भी न जुर्माना की अदायगी हो रही और न ही फुटपाथ पर अवैध वसूली रुक रही है।
राजा मंडी स्थित लाभचंद मार्केट का पट्टा 1947 में नगर निगम ने लाला धर्मचंद जैन को दिया था। 2025 में पट्टा निरस्त हो गया। उधर, पट्टाधारक की ओर से शर्तों का उल्लंघन करते हुए 70 दुकानें किराए पर उठा दी गईं। जिसे लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है। पट्टे की भूमि सड़क की बताई जा रही है।
उधर, जिस भूमि पर विवाद है, उसका फुटपाथ घिर चुका है। फुटपाथ पर पिलर खड़े कर ऊपर धर्मलोक और चंद्रलोक होटल संचालित हैं। जबकि नीचे दुकान और उनके बाहर का फुटपाथ तक बिक चुका है। फुटपाथ से अवैध वसूली में एक व्यापारी की हत्या तक हो चुकी है। चंद कदम दूरी पर पुलिस चौकी है फिर भी नतीजा ढाक के तीन पात हैं।
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जिस फुटपाथ को आम जनता के चलने के लिए खाली होना चाहिए था, उससे रसूखदार प्रति दिन 1500 रुपये प्रति फड़ वसूल रहा है। लाभचंद मार्केट में पार्क भूमि पर भी अवैध मार्केट खड़ा हो चुका है। हैरानी की बात यह है कि नगर निगम ने इस उल्लंघन पर 10 लाख रुपये प्रतिदिन का भारी-भरकम जुर्माना लगाया था। लेकिन पट्टा निरस्त होने के 10 महीने बाद भी नगर निगम और प्रशासन की लापरवाही जुर्माना के रूप में एक फूटी कौड़ी की भी वसूली नहीं हो सकी। ऐसे में निगम, प्रशासन और पुलिस पर मिलीभगत पर आरोप भी लग रहे हैं।
पैमाइश कर डीएम को सौंपी रिपोर्ट
- सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर लाभचंद मार्केट में सड़क और भूमि की पैमाइश की गई। दो दिन संयुक्त टीमों ने एक-एक इंच भूमि का नापा है। पैमाइश के बाद रिपोर्ट डीएम अरविंद बंगारी को बृहस्पतिवार को सौंप दी गई। डीएम ने बताया कि रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की जाएगी।
दिनभर बाजार में लगता है जाम
- राजा मंडी बाजार में अतिक्रमण के कारण दिनभर जाम के हालात रहते हैं। कोई चार पहिया वाहन बाजार में प्रवेश नहीं कर सकता। सड़क की पैमाइश के बाद दुकानदार और अतिक्रमणकारियों में अफरातफरी मची है। माना जा रहा है कि अगले कुछ दिनों में जिला प्रशासन बड़ी कार्रवाई करते हुए सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराएगा।
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राजा मंडी स्थित लाभचंद मार्केट का पट्टा 1947 में नगर निगम ने लाला धर्मचंद जैन को दिया था। 2025 में पट्टा निरस्त हो गया। उधर, पट्टाधारक की ओर से शर्तों का उल्लंघन करते हुए 70 दुकानें किराए पर उठा दी गईं। जिसे लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई चल रही है। पट्टे की भूमि सड़क की बताई जा रही है।
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उधर, जिस भूमि पर विवाद है, उसका फुटपाथ घिर चुका है। फुटपाथ पर पिलर खड़े कर ऊपर धर्मलोक और चंद्रलोक होटल संचालित हैं। जबकि नीचे दुकान और उनके बाहर का फुटपाथ तक बिक चुका है। फुटपाथ से अवैध वसूली में एक व्यापारी की हत्या तक हो चुकी है। चंद कदम दूरी पर पुलिस चौकी है फिर भी नतीजा ढाक के तीन पात हैं।
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जिस फुटपाथ को आम जनता के चलने के लिए खाली होना चाहिए था, उससे रसूखदार प्रति दिन 1500 रुपये प्रति फड़ वसूल रहा है। लाभचंद मार्केट में पार्क भूमि पर भी अवैध मार्केट खड़ा हो चुका है। हैरानी की बात यह है कि नगर निगम ने इस उल्लंघन पर 10 लाख रुपये प्रतिदिन का भारी-भरकम जुर्माना लगाया था। लेकिन पट्टा निरस्त होने के 10 महीने बाद भी नगर निगम और प्रशासन की लापरवाही जुर्माना के रूप में एक फूटी कौड़ी की भी वसूली नहीं हो सकी। ऐसे में निगम, प्रशासन और पुलिस पर मिलीभगत पर आरोप भी लग रहे हैं।
पैमाइश कर डीएम को सौंपी रिपोर्ट
- सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर लाभचंद मार्केट में सड़क और भूमि की पैमाइश की गई। दो दिन संयुक्त टीमों ने एक-एक इंच भूमि का नापा है। पैमाइश के बाद रिपोर्ट डीएम अरविंद बंगारी को बृहस्पतिवार को सौंप दी गई। डीएम ने बताया कि रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की जाएगी।
दिनभर बाजार में लगता है जाम
- राजा मंडी बाजार में अतिक्रमण के कारण दिनभर जाम के हालात रहते हैं। कोई चार पहिया वाहन बाजार में प्रवेश नहीं कर सकता। सड़क की पैमाइश के बाद दुकानदार और अतिक्रमणकारियों में अफरातफरी मची है। माना जा रहा है कि अगले कुछ दिनों में जिला प्रशासन बड़ी कार्रवाई करते हुए सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराएगा।