{"_id":"64f855b7013da5500c063245","slug":"family-members-including-children-were-imprisoned-in-room-for-several-hours-seeing-snake-in-house-in-agra-2023-09-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra: घर में घूम रहा था खतरनाक प्रजाति का सांप, दहशत में बच्चों सहित कई घंटे कमरे में कैद रहा परिवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra: घर में घूम रहा था खतरनाक प्रजाति का सांप, दहशत में बच्चों सहित कई घंटे कमरे में कैद रहा परिवार
Wed, 06 Sep 2023 04:04 PM IST
भूपेन्द्र सिंह
अमर उजाला, आगरा
अमर उजाला, आगरा
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Wed, 06 Sep 2023 04:04 PM IST
सार
आगरा के एक घर में खतरनाक प्रजाति का सांप घूम रहा था। परिवार के लोग दहशत में बच्चों सहित कई घंटे कमरे में कैद रहे।
विज्ञापन
Agra: घर में घूम रहा था खतरनाक प्रजाति का सांप, दहशत में बच्चों सहित कई घंटे कमरे में कैद रहा परिवार
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तर प्रदेश के आगरा में घर में रेंग रहे सांप को देखकर परिवार दहशत में आ गया। परिवार के लोगों ने बच्चों सहित खुद को कमरे में कैद कर लिया। सूचना पर पहुंची रेस्क्यू टीम ने करीब पौन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सांप को पकड़ा। इसके बाद कमरे में बंद परिवार के लोग बाहर निकले।
विज्ञापन
मामला खंदौली थाना क्षेत्र के पुरगोवर्धन का है। गांव में अनिरुद्ध सिकरवार और विमल सिकरवार का घर है। बीती शाम 8:30 बजे अचानक घर के अंदर तीन फुट लंबे सांप पर परिवार की नजर पड़ी। सांप के डर से बच्चों सहित सभी लोग एक कमरे में बंद हो गए। फोन पर कोबरा एनजीओ को घर में सांप होने की सूचना दी। सूचना पर कोबरा एनजीओ की टीम आधे घंटे में घर पहुंच गई।
विज्ञापन
यह भी पढ़ेंः- पोइया घाट में जंग के मैदान जैसे हालात: लाठी के दम पर जमीन कब्जा रहे सत्संगी; भूसा, अनाज व पशुचारा किया तहस-नहस
विज्ञापन
घर पर पहुंचने के बाद पड़ोसी द्वारा सांप को जनरेटर के आसपास बताया गया। पौन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रेस्क्यू टीम ने सांप को पकड़ लिया। इसके बाद भयभीत परिवार कमरे से बाहर आया। सांप पकड़ने पहुंची टीम के सदस्य अंशुल दीपशाह और असिस्टेंट रेस्क्यूर महेश कुमार ने बताया कि पकड़े गए सांप को चेकर्ड कीलबक (वाटर स्नेक) कहते हैं। यह ज्यादातर नदी तालाबों के आसपास पाए जाते हैं। इसे एत्मादपुर क्षेत्र के झरना नाले पर बने वन विभाग के ऑफिस के पास प्राकर्तिक पुनर्वास के लिए सुरक्षित छोड़ा जाएगा।