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कर्ज से परेशान मजदीर ने दी जान
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बाह। खेड़ा राठौर के उदयपुर कला गांव के खेतिहर मजदूर रामजी लाल बघेल (45) का शव शुक्रवार का कमरे में मिला। शव के पास ही रस्सी पड़ी थी। इससे लोग खुदकुशी करने की आशंका जता रहे हैं। परिजनों के मुताबिक वह कर्जदारों के तगादे से परेशान थे।
परिजनों ने पुलिस को बताया कि रामजीलाल बघेल खेतों में मजदूरी करते थे। उन्होंने दो बेटियों भूरी और प्रीती की शादी कर दी थी। बेटियों की शादी के लिए कुछ लोगों से कर्ज लिया था। कर्जदारों के तगादे से वह परेशान थे। इसी वजह से उन्होंने जान दे दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
एसओ खेड़ा राठौर प्रेम सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ही मौत की असली वजह का पता चलेगा। उसके आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मृतक रामजीलाल की पत्नी सरोज देवी दो बच्चों बेटी पलपल (10 ),बेटा दिवाकर (8) को लेकर 4 दिन पहले रक्षाबंधन के लिए अपने मायके गई थी। बड़ा बेटा प्रशांत फतेहाबाद में काम करता है। मृतक के पिता रामदास खेत पर थे।
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पत्नी बोली- कैसे तीन बच्चों को पालूंगी
बाह। पांच बच्चों में से दो बेटियों की शादी कर चुके रामजीलाल बघेल की मौत से पत्नी सरोज देवी सुधबुध खो बैठी है। उसे नहीं सूझ रहा कि तीन बच्चों प्रशांत, पलपल और दिवाकर अब कैसे पालेगी।
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परिजनों ने पुलिस को बताया कि रामजीलाल बघेल खेतों में मजदूरी करते थे। उन्होंने दो बेटियों भूरी और प्रीती की शादी कर दी थी। बेटियों की शादी के लिए कुछ लोगों से कर्ज लिया था। कर्जदारों के तगादे से वह परेशान थे। इसी वजह से उन्होंने जान दे दी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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एसओ खेड़ा राठौर प्रेम सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ही मौत की असली वजह का पता चलेगा। उसके आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मृतक रामजीलाल की पत्नी सरोज देवी दो बच्चों बेटी पलपल (10 ),बेटा दिवाकर (8) को लेकर 4 दिन पहले रक्षाबंधन के लिए अपने मायके गई थी। बड़ा बेटा प्रशांत फतेहाबाद में काम करता है। मृतक के पिता रामदास खेत पर थे।
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पत्नी बोली- कैसे तीन बच्चों को पालूंगी
बाह। पांच बच्चों में से दो बेटियों की शादी कर चुके रामजीलाल बघेल की मौत से पत्नी सरोज देवी सुधबुध खो बैठी है। उसे नहीं सूझ रहा कि तीन बच्चों प्रशांत, पलपल और दिवाकर अब कैसे पालेगी।