{"_id":"6a3a0ced5af8645bc9087da3","slug":"debt-paralysis-and-abandonment-delhi-property-dealer-dies-by-suicide-in-agra-hotel-no-relative-turns-up-for-2026-06-23","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UP: अपनों ने मोड़ा मुंह, दोस्त ने निभाया आखिरी फर्ज; 70 लाख के कर्ज में डूबे कारोबारी की दर्दनाक कहानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: अपनों ने मोड़ा मुंह, दोस्त ने निभाया आखिरी फर्ज; 70 लाख के कर्ज में डूबे कारोबारी की दर्दनाक कहानी
Tue, 23 Jun 2026 10:04 AM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Tue, 23 Jun 2026 10:04 AM IST
सार
आगरा के ताजगंज स्थित एक होटल में दिल्ली के प्रॉपर्टी डीलर फराज अंसार ने कथित तौर पर खुद को गोली मारकर जान दे दी। बताया गया कि वह 70 लाख रुपये के कर्ज, आर्थिक तंगी और लकवे से जूझ रहे थे, जबकि मौत के बाद अंतिम संस्कार में भी कोई रिश्तेदार नहीं पहुंचा।
विज्ञापन
70 लाख के कर्ज में डूबे कारोबारी की दर्दनाक कहानी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
आगरा के ताजगंज के एप्पल इन होटल में खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने वाले दिल्ली निवासी प्रॉपर्टी डीलर फराज अंसार ने कर्ज और आर्थिक तंगी से परेशान होकर जान दी थी। साझीदार चार साल पहले धोखा देकर विदेश चला गया। लकवाग्रस्त होने और कर्ज में डूबने पर नाते-रिश्तेदारों ने भी मुंह मोड़ लिया। यहां तक कि पुलिस के सूचना देने के बाद भी कोई रिश्तेदार अंतिम संस्कार करने नहीं पहुंचा। इस पर पुलिस ने उनके दोस्त को सूचना दी। उसने फिरोजाबाद से आगरा आकर दोस्त का अंतिम संस्कार किया। इसके बाद उनके दिव्यांग भाई को भी अपने साथ ले गया।
विज्ञापन
साउथ वेस्ट दिल्ली निवासी फराज अंसार 20 मई को अपने छोटे दिव्यांग भाई तारिक के साथ एप्पल इन होटल में आए थे। उन्होंने एक अधिवक्ता के माध्यम से किराये पर कमरा लिया था। रविवार दोपहर को वह होटल की छत पर लहूलुहान हालत में मिले थे। उनकी कनपटी पर गोली लगी थी। साथ ही तमंचा और चाकू भी पड़े थे।
ये भी पढ़ें - जल्द खत्म होगा इंतजार: आगरा मेट्रो के ये चार स्टेशन हुए तैयार, जानें कब से कर सकेंगे सफर; सामने आई नई तारीख
ये भी पढ़ें - जल्द खत्म होगा इंतजार: आगरा मेट्रो के ये चार स्टेशन हुए तैयार, जानें कब से कर सकेंगे सफर; सामने आई नई तारीख
डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि मृतक मूलरूप से दिल्ली के निवासी थे। उनके पिता अंसार अहमद की 10 साल पहले मृत्यु हो गई थी। इसके बाद मां और एक भाई की मृत्यु हो गई। उनका छोटा भाई तारिक साथ में रहता था। फराज की दोस्ती फिरोजाबाद के रहने वाले जिया उल से थी। वह सूचना पर पहुंच गए। दोस्त जियाउल ने बताया कि फराज का दोस्त करीब चार साल पहले विदेश चला गया, तभी से वह करीब 70 लाख रुपये के कर्ज में डूब गए थे। कुछ साल पहले को लकवा मार गया। फरीदाबाद के अस्पताल में उपचार भी हुआ मगर ज्यादा हालत नहीं सुधरी। वो कोई काम नहीं कर पाते थे। दिल्ली में किराये के मकान में रहते थे। दिव्यांग भाई की देखभाल के कारण शादी भी नहीं की।
ये भी पढ़ें - 15 छात्रों की मौत के बाद बड़ा सवाल: बिना सुरक्षा मानकों के कैसे चल रहीं कोचिंग? पुलिस कमिश्नर ने दिए ये निर्देश
ये भी पढ़ें - 15 छात्रों की मौत के बाद बड़ा सवाल: बिना सुरक्षा मानकों के कैसे चल रहीं कोचिंग? पुलिस कमिश्नर ने दिए ये निर्देश
दोस्त जिया उल ने बताया कि फराज एक महीने पहले उनसे मिलने आए थे। कई दिन रुके थे। हाल में वह ताजगंज के होटल में कमरा लेकर रुके हुए थे। वह कभी-कभी 100-200 रुपये के लिए कॉल करते थे। दो दिन पहले भी सुबह और शाम को 180 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कराए थे। उन्हें नहीं पता था कि वो इस तरह का कदम उठा लेंगे। उनकी माैत की जानकारी दिल्ली में रहने वाले रिश्तेदारों को दी गई मगर कोई नहीं आया। कई ने तो फोन भी नहीं उठाया। इस पर उन्होंने पुलिस की मदद से खुद ही पंचकुइयां स्थित कब्रिस्तान में अंतिम संस्कार का निर्णय लिया। दिव्यांग भाई को जिया उल अपने साथ ही ले गए।
ये भी पढ़ें - Agra University: 100वें साल में नया इतिहास रचेगा आगरा विवि, प्रदर्शनी में दिखेगी गौरवशाली विरासत और विकास यात्रा
ये भी पढ़ें - Agra University: 100वें साल में नया इतिहास रचेगा आगरा विवि, प्रदर्शनी में दिखेगी गौरवशाली विरासत और विकास यात्रा