फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Coronavirus in Agra UP latest update one hundred death in five months

Corona In Agra: डराने लगा संक्रमितों की मौत का आंकड़ा, इन मरीजों के लिए जानलेवा बनी महामारी

Sun, 02 Aug 2020 10:30 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: मुकेश कुमार Updated Sun, 02 Aug 2020 10:30 AM IST
सार

  • पहले तीन महीने में 42 की जान गई, फिर दो महीने में 47 की
  • सात अप्रैल को पहली मौत हुई थी, जून में सबसे ज्यादा 46 की जान गई

विज्ञापन
Coronavirus in Agra UP latest update one hundred death in five months
कोरोना वायरस (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : PTI

विस्तार

ताजनगरी में शनिवार को कोरोना वायरस के संक्रमण से 100वीं मौत हो गई। पहली मौत सात अप्रैल को हुई थी। कमला नगर की 76 वर्षीय महिला ने दम तोड़ा था। वो सांस रोगी थी। 100 में से मार्च, अप्रैल और मई में 42 की जान गई, जबकि जून और जुलाई में 47 की। अगस्त के पहले दिन ही एक मौत हो गई।

विज्ञापन


इनमें सबसे ज्यादा जानलेवा बीमारी मधुमेह, उच्च रक्तचाप और सांस रोग साबित हुई। 54 मृतकों में यह बीमारियां पाई गईं। उम्र की बात करें तो मृतकों में 50 से 70 साल के मरीज सबसे ज्यादा रहे। आगरा में संक्रमण का पहला मामला तीन मार्च को मिला था। मार्च में किसी संक्रमित की मौत नहीं हुई थी।
विज्ञापन



मृतकों में 50 से 70 साल के 50 फीसदी

एसएन मेडिकल कॉलेज और स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट बताती है कि मरने वालों में 50 से 70 साल के सबसे ज्यादा मरीज थे, जिनकी संख्या 50 फीसदी है। इनमें 50 से 60 साल के 19 फीसदी और 60 से 70 साल के 31 फीसदी मरीज रहे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


29 फीसदी मृतकों में मधुमेह, 30 फीसदी को उच्च रक्तचाप और दस फीसदी मरीजों को फेफडे़ की बीमारी पाई गई। 21 फीसदी मरीजों की मौत आईसीयू में हुई, जहां उनको गंभीर निमोनिया हो गया था। 15 प्रतिशत मृतकों में मधुमेह और उच्च रक्तचाप दोनों की परेशानी थी।

अधिकांश मृतकों में सांस, मधुमेह, बीपी की बीमारी थी

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. आरसी पांडेय ने बताया कि एक-दो मामलों को छोड़ दें तो अधिकांश मृतकों में सांस, किडनी, लिवर, मधुमेह-उच्च रक्तचाप की बीमारी भी थी। उम्र भी एक प्रभावी कारण रही, बाकी के मरीज पूरी तरह से ठीक होकर घर जा चुके हैं।

अस्पताल देरी से पहुंचना भी एक कारण

एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि जांच में देरी और फिर अस्पताल में भर्ती होने में देरी के अलावा उनकी मधुमेह, उच्च रक्तचाप अनियंत्रित था। अन्य गंभीर बीमारियां भी मिलीं, मृतकों में अधिकांश को यह बीमारियां थीं।

कोरोना संक्रमितों की मौत का आंकड़ा 

मार्च : 00 मौत
अप्रैल : 15 की मौत
मई : 27 की मौत
जून : 46 की मौत
जुलाई : 11 की मौत
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed