फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   consumer commission ordered the insurance company to pay the plaintiff amount along with interest

Agra: 20 साल तक इंसाफ के लिए लड़ता रहा, उपभोक्ता आयोग ने बीमा कंपनी को दिया ये आदेश

Tue, 02 Aug 2022 11:40 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Tue, 02 Aug 2022 11:40 AM IST
सार

पीड़ित के कार चालक की हत्या कर बदमाशों ने जीप लूट ली थी। पीड़ित ने क्लेम के लिए बीमा कंपनी में दावा किया। दावा खारिज करने पर 2002 में पीड़ित ने उपभोक्ता आयोग की मदद ली थी।
 

विज्ञापन
consumer commission ordered the insurance company to pay the plaintiff amount along with interest
कोर्ट। - फोटो : amar ujala

विस्तार

ताजनगरी आगरा में हाथरस के सादाबाद स्थित गांव गहचौली निवासी एबरन सिंह को बीमा कंपनी से क्लेम पाने में 20 साल लग गए। वो लगातार लड़ते रहे और माने तब जब इंसाफ मिल गया। सोमवार को उपभोक्ता आयोग प्रथम के अध्यक्ष सर्वेश कुमार और सदस्य अरुण कुमार ने बीमा कंपनी की ओर से दिया गया 9.68 लाख रुपये का चेक उन्हें प्रदान किया। 

विज्ञापन

ये है मामला 

एबरन सिंह ने वर्ष 1999 में नई मार्शल जीप खरीदी थी, जिसका बीमा न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी से कराया था। एबरन सिंह के अनुसार, सप्ताह बाद ही बदमाशों ने उनके चालक कोमल सिंह की हत्या कर दी। शव को भरतपुर में फेंक जीप को लूट ले गए। उन्होंने मुकदमा दर्ज कराया। इसके बाद एबरन सिंह ने न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी में क्लेम प्रस्तुत किया। सर्वेयर की रिपोर्ट के बाद बीमा कंपनी ने उनका 3.47 लाख रुपये का क्लेम तय किया। कुछ समय बाद दोबारा सर्वेयर भेजा और क्लेम की शर्तों का उल्लंघन बताकर दावा खारिज कर दिया। 

विज्ञापन

नहीं मानी हार 

एबरन सिंह ने हार नहीं मानी। वर्ष 2002 में उपभोक्ता आयोग प्रथम में बीमा कंपनी से क्लेम के लिए दावा प्रस्तुत किया। वर्ष 2010 में आयोग ने उनके पक्ष में फैसला सुनाया। बीमा कंपनी को 3.47 लाख रुपये की धनराशि अदा करने के आदेश किए।

विज्ञापन
विज्ञापन

बीमा कंपनी राज्य उपभोक्ता आयोग में चली गई

बीमा कंपनी इस फैसले के खिलाफ वर्ष 2010 में राज्य उपभोक्ता आयोग में चली गई। आयोग ने भी वर्ष 2020 में एबरन सिंह के पक्ष में फैसला सुनाया। बीमा कंपनी को आदेश दिया कि वादी को 3.47 लाख रुपये ब्याज सहित दिए जाएं। वर्ष 2020 और 2021 में कोरोना और अन्य कारणों से चेक नहीं मिला। शनिवार को उपभोक्ता अदालत में उन्हें 9.68 लाख रुपये का चेक प्रदान किया गया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed