Agra: बोदला-लोहामंडी सड़क जगह-जगह धंसी, 40 से ज्यादा गड्ढे; जल निगम ने बिछाई थी सीवर लाइन
ताजनगरी के बोदला-लोहामंडी सड़क जगह-जगह धंस गई। यहां 40 से ज्यादा गड्ढे हो गए। जल निगम की निर्माण ईकाई ने सीवर लाइन बिछाई थी।
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उत्तर प्रदेश के आगरा में अमृत योजना के तहत बोदला से लोहामंडी रोड तक जल निगम की निर्माण इकाई ने सीवर लाइन बिछाई थी। बीते साल जैसे-तैसे सड़क का निर्माण कराया, जो कई जगह धंस चुकी है। दो किमी क्षेत्र में 40 से ज्यादा गड्ढे हैं, जिनमें जलभराव के कारण दोपहिया वाहन और ई-रिक्शा सवार चोटिल हो रहे हैं।
36 एमएलडी बिचपुरी एसटीपी जाने वाली मेन ट्रंक लाइन तक जल निगम ने सीवर लाइन बिछाई है। लोहामंडी चौराहे से बोदला के बीच सेक्टर-4 मोड़ पर मेन लाइन में सीवर लाइन को जोड़ा गया है। दो साल पहले जल निगम की निर्माण इकाई शहरी ने सीवर लाइन बिछाई थी, लेकिन सड़क का निर्माण बीते साल किया।
मानसून में लोहामंडी रोड की सड़क जगह-जगह धंस गई है। सेक्टर-4 के पास 50 मीटर का हिस्सा दो फीट तक धंस गया है। बारिश होने पर यह तालाब जैसा हो जाता है। पेट्रोल पंप और गढ़ी भदौरिया मोड़ के पास भी सड़क धंस कर गड्ढे में बदल गई है।
जल निगम ने मनीषा कंस्ट्रक्शन कंपनी से सीवर लाइन बिछाने का काम कराया था। मंडलायुक्त की जांच में खामियों के बाद कंपनी पर छत्ता थाने में प्रोजेक्ट मैनेजर स्वतंत्र सिंह ने एफआईआर भी दर्ज कराई, लेकिन कंपनी के काम में कोई सुधार नहीं हुआ।
सीवर लाइन डालते ही हुई चोक
पार्षद शरद चौहान के मुताबिक जल निगम के इंजीनियरों ने लोहामंडी बोदला रोड और इससे सटी गलियों में ऐसी सीवर लाइन बिछाई है कि वह छह माह में ही चोक हो गई। जल निगम ने जगदीशपुरा और किशोरपुरा में दो जगह सीवर लाइन चोक होने के बाद 30 मीटर का हिस्सा बदला है।
पूरे क्षेत्र में यही हाल है। गलियों में सीवर उफन रहा है, वहीं मैनहोल के पास सीवर लीकेज के कारण गलियां और सड़कें धंस रही हैं। दयालबाग की तरह ही लोहामंडी जगदीशपुरा रोड पर सड़कें जगह-जगह से धंसी हैं।
बारिश में लगता है डर
कहीं मैनहोल ऊंचा है तो कहीं नीचा। जगह-जगह सड़क और गलियां धंस गईं हैं। जल निगम के इंजीनियरों पर कार्रवाई की जरूरत है। बारिश में डर लगता है कि कहीं सड़क धंसने से बाइक समेत गिर न जाऊं। -धनीराम वर्मा, जगदीशपुरा
तकनीकी जांच हो
पूरे क्षेत्र में सीवर लाइन चोक पड़ी है। अभी नई सीवर लाइन का ये हाल है तो एक साल बाद तो घरों में ही सीवर लौटने लगेगा। सड़कें टूटी हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट की तकनीकी जांच हो तो भ्रष्टाचार के मामले सामने आएंगे। -सईद अंसारी, लोहामंडी