{"_id":"5dba90578ebc3e013874aeb1","slug":"bjp-mp-and-mla-surrenders-in-cjm-court-agra","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"भाजपा सांसद व विधायक ने किया सीजेएम कोर्ट में सरेंडर, जानिए क्या है मामला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भाजपा सांसद व विधायक ने किया सीजेएम कोर्ट में सरेंडर, जानिए क्या है मामला
Fri, 01 Nov 2019 12:11 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 01 Nov 2019 12:11 AM IST
विज्ञापन
भाजपा सांसद एसपी सिंह बघेल (बायें), विधायक राम प्रताप सिंह चौहान (दायें)
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा से भाजपा के सांसद एसपी सिंह बघेल और एत्मादपुर से भाजपा विधायक राम प्रताप सिंह चौहान ने तीन साल पुराने निषेधाज्ञा उल्लंघन के मामले में गुरुवार को सीजेएम लोकेश नागर की कोर्ट में सरेंडर कर दिया। दोनों को 20-20 हजार के दो जमानती और इतनी ही राशि के निजी मुचलकों पर जमानत दे दी गई।
ये भी पढ़ें- शर्मनाक: रात में बीमार 'बूढ़ी मां' को बेसहारा छोड़ गए 'अपने', रेलवे स्टेशन पर कराहती मिली
मामला पांच अप्रैल 2016 का था। एत्मादपुर में युवक नरोत्तम सिंह बघेल को पीटा गया था, हद दर्जे की बदसलूकी कर अपमानित भी किया गया था। आरोप दूसरे समुदाय के युवकों पर था। घटना से सांप्रदायिक तनाव बन गया था।
विज्ञापन
नरोत्तम पक्ष के लोग आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। पूर्व सांसद (अब सांसद) एसपी सिंह बघेल ने आठ अप्रैल को एलान किया कि 11 को पंचायत की जाएगी। प्रशासन ने 10 को ही धारा 144 लगा दी। इसके बावजूद बघेल ने समर्थकों सहित धरना प्रदर्शन किया। पुलिस ने 38 भाजपाइयों के खिलाफ धारा 188 (144 का उल्लंघन) का केस दर्ज किया था। इस केस में 25 जून 2016 को ही चार्जशीट दाखिल कर दी गई थी।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- शर्मनाक: रात में बीमार 'बूढ़ी मां' को बेसहारा छोड़ गए 'अपने', रेलवे स्टेशन पर कराहती मिली
विज्ञापन
मामला पांच अप्रैल 2016 का था। एत्मादपुर में युवक नरोत्तम सिंह बघेल को पीटा गया था, हद दर्जे की बदसलूकी कर अपमानित भी किया गया था। आरोप दूसरे समुदाय के युवकों पर था। घटना से सांप्रदायिक तनाव बन गया था।
विज्ञापन
नरोत्तम पक्ष के लोग आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। पूर्व सांसद (अब सांसद) एसपी सिंह बघेल ने आठ अप्रैल को एलान किया कि 11 को पंचायत की जाएगी। प्रशासन ने 10 को ही धारा 144 लगा दी। इसके बावजूद बघेल ने समर्थकों सहित धरना प्रदर्शन किया। पुलिस ने 38 भाजपाइयों के खिलाफ धारा 188 (144 का उल्लंघन) का केस दर्ज किया था। इस केस में 25 जून 2016 को ही चार्जशीट दाखिल कर दी गई थी।
दोनों नेताओं को जमानत मिली
कोर्ट में तारीख पर पेश न होने की वजह से 31 आरोपियों के जमानती वारंट जारी कर दिए। इस पर एसपी सिंह बघेल और राम प्रताप सिंह चौहान गुरुवार को कोर्ट में हाजिर हुए।
उनकी ओर से अधिवक्ता हेमेंद्र शर्मा, विजय पाल सिंह चौहान, केके शर्मा, अनिल शर्मा, एसपी भारद्वाज, राजीव सिंह टाटा, वीर बहादुर सिंह धाकरे, कोमल सिंह वर्मा, सीमा, प्रदीप पांडे, उमेश सिसौदिया ने पैरवी की।
पूर्व सांसद, जिला पंचायत अध्यक्ष के वारंट
इसी मामले में पूर्व सांसद प्रभु दयाल कठेरिया, आगरा के जिला पंचायत अध्यक्ष राकेश बघेल, पूर्व ब्लॉक प्रमुख हनुमंत बघेल, रिटायर्ड प्रधानाचार्य केपी सिंह, अरविंद, राजकुमार प्रधान सहित 29 के जमानती वारंट जारी किए गए हैं। इन पर सुनवाई के लिए चार दिसंबर की तारीख मुकर्रर की गई है।
उनकी ओर से अधिवक्ता हेमेंद्र शर्मा, विजय पाल सिंह चौहान, केके शर्मा, अनिल शर्मा, एसपी भारद्वाज, राजीव सिंह टाटा, वीर बहादुर सिंह धाकरे, कोमल सिंह वर्मा, सीमा, प्रदीप पांडे, उमेश सिसौदिया ने पैरवी की।
पूर्व सांसद, जिला पंचायत अध्यक्ष के वारंट
इसी मामले में पूर्व सांसद प्रभु दयाल कठेरिया, आगरा के जिला पंचायत अध्यक्ष राकेश बघेल, पूर्व ब्लॉक प्रमुख हनुमंत बघेल, रिटायर्ड प्रधानाचार्य केपी सिंह, अरविंद, राजकुमार प्रधान सहित 29 के जमानती वारंट जारी किए गए हैं। इन पर सुनवाई के लिए चार दिसंबर की तारीख मुकर्रर की गई है।
राजकुमार चाहर, योगेंद्र उपाध्याय के भी हैं वारंट
26 साल पुराने अन्य मामले में फतेहपुर सीकरी के भाजपा सांसद राजकुमार चाहर, आगरा दक्षिण के भाजपा विधायक योगेंद्र उपाध्याय, भाजपा के ब्रज क्षेत्र के पूर्व प्रभारी हृदयनाथ दीक्षित, भाजपा नेता मुकेश अग्रवाल और त्रिलोकी नाथ अग्रवाल के भी गैर जमानती वारंट जारी हो चुके हैं।
इन सभी को दो नवंबर तक कोर्ट के सामने पेश होना है। यह मामला कैंट स्टेशन पर शताब्दी एक्सप्रेस को रोककर उसमें तोड़फोड़ करने का है। इसमें चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।
26 साल पुराने अन्य मामले में फतेहपुर सीकरी के भाजपा सांसद राजकुमार चाहर, आगरा दक्षिण के भाजपा विधायक योगेंद्र उपाध्याय, भाजपा के ब्रज क्षेत्र के पूर्व प्रभारी हृदयनाथ दीक्षित, भाजपा नेता मुकेश अग्रवाल और त्रिलोकी नाथ अग्रवाल के भी गैर जमानती वारंट जारी हो चुके हैं।
इन सभी को दो नवंबर तक कोर्ट के सामने पेश होना है। यह मामला कैंट स्टेशन पर शताब्दी एक्सप्रेस को रोककर उसमें तोड़फोड़ करने का है। इसमें चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।