{"_id":"6146ee138ebc3e227003b827","slug":"autos-and-rickshaws-overturned-due-to-potholes-of-roads-in-agra","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगरा: बारिश की पानी भरने से और खतरनाक हुए सड़कों के गड्ढे, ऑटो और रिक्शा पलटे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आगरा: बारिश की पानी भरने से और खतरनाक हुए सड़कों के गड्ढे, ऑटो और रिक्शा पलटे
Sun, 19 Sep 2021 01:30 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 19 Sep 2021 01:30 PM IST
सार
बारिश के बाद आगरा की सड़कों के गड्ढे और खतरनाक हो गए हैं। गड्ढों में बारिश का पानी भर गया, जो शुक्रवार तक नहीं निकला। इससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं ग्वालियर रोड पर कई ऑटो गड्ढों के कारण सड़क पर पलट गए।
विज्ञापन
गड्ढों के कारण सड़क पर पलटा ऑटो
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा में शुक्रवार की बारिश में सड़कों पर भरा पानी सूख नहीं पाया कि शनिवार को फिर से दिन में तीन बार की बारिश से सड़कें और हाईवे के गड्ढों में जलभराव हो गया। जगह-जगह सड़कें धंस गईं और खोदाई वाली जगहों पर कीचड़, दलदल के कारण लोगों को दोपहिया वाहन निकालना मुश्किल हो गया।
विज्ञापन
ग्वालियर रोड हाईवे पर सेवला से रोहता के बीच एक लेन पर गड्ढों के कारण ऑटो और ई-रिक्शा पलट गए, जिससे दो घंटे तक दोपहर में सेवला पर जाम लगा रहा। पेंट के डिब्बे लेकर जा रहा ऑटो हाईवे पर पानी भरे गड्ढों में पलट गया। ऑटो चालक बाल-बाल बचा। क्षेत्रीय लोगों की मदद से लोडिंग ऑटो को निकाला गया।
विज्ञापन
प्रतापनगर में कागजी भवन और उसके पास की गलियों में पानी की लाइन बिछाने के बाद अतिरिक्त मिट्टी सड़क पर ही बनी रही जो बारिश में बहकर पूरी सड़क पर आ गई। इससे दलदल और कीचड़ हो जाने से दोपहिया वाहन निकलने के दौरान दुर्घटनाग्रस्त होते रहे। खोदाई के कारण सड़क पर केवल एक दोपहिया वाहन निकलने की जगह बची।
विज्ञापन
इन इलाकों में भी यह हाल
यही हाल मारुति एस्टेट से कलाकुंज, सुभाष नगर, अलबतिया रोड का हो गया। यहां मई में जलनिगम की विश्व बैंक इकाई ने पाइपलाइन बिछाई थी, पर गिट्टियां अब तक नहीं बिछाई, जिससे तीन से चार फुट गहरे गड्ढे हो गए। इन सड़कों पर चारपहिया वाहनों का संचालन पूरी तरह से बंद हो चुका है।
जलनिगम के प्रोजेक्ट मैनेजर यदुनाथ सिंह ने बताया कि सीवर लाइन के कारण जहां खोदाई हुई, उन जगहों पर सड़कें बनाने का काम 15 सितंबर से करने वाले थे, लेकिन बारिश के अलर्ट के कारण काम रोक दिया गया। बारिश बंद होने के बाद ही सड़कें बनाई जा सकेंगी। गड्ढों में गिट्टियां डलवाने के लिए कहा गया है।
पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता आनंद कुमार ने कहा कि सेवला से रोहता के बीच नाले का एस्टीमेट बनाकर भेज दिया गया है। शासन स्तर पर लंबित है। स्वीकृति मिलने के बाद काम शुरू करा दिया जाएगा।
हर दिन होते हैं हादसे
ग्वालियर रोड निवासी मदन मोहन शर्मा ने कहा कि एक ऑटो नहीं, बल्कि हर दिन 10 से ज्यादा ऑटो गड्ढों में फंसकर पलट रहे हैं। लगातार हादसे हो रहे हैं, लेकिन न गड्ढे भरे जा रहे हैं और न ही नाले का निर्माण शुरू किया गया। सड़क बारिश में नहीं बन सकतीं, पर गड्ढों में गिट्टियां तो भरी जा सकती हैं।
ग्वालियर रोड निवासी मनीष तिवारी ने कहा कि लोडिंग ऑटो पलटने के डर से इस क्षेत्र की कॉलोनियों में अब आना ही बंद कर चुके हैं। जो ऑटो आ रहे हैं, वह पलटकर दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं। गरीबों का नुकसान हो रहा है। गिट्टियां बिछा दी जाएं तो ये हादसे बंद हो जाएंगे।
यही हाल मारुति एस्टेट से कलाकुंज, सुभाष नगर, अलबतिया रोड का हो गया। यहां मई में जलनिगम की विश्व बैंक इकाई ने पाइपलाइन बिछाई थी, पर गिट्टियां अब तक नहीं बिछाई, जिससे तीन से चार फुट गहरे गड्ढे हो गए। इन सड़कों पर चारपहिया वाहनों का संचालन पूरी तरह से बंद हो चुका है।
जलनिगम के प्रोजेक्ट मैनेजर यदुनाथ सिंह ने बताया कि सीवर लाइन के कारण जहां खोदाई हुई, उन जगहों पर सड़कें बनाने का काम 15 सितंबर से करने वाले थे, लेकिन बारिश के अलर्ट के कारण काम रोक दिया गया। बारिश बंद होने के बाद ही सड़कें बनाई जा सकेंगी। गड्ढों में गिट्टियां डलवाने के लिए कहा गया है।
पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता आनंद कुमार ने कहा कि सेवला से रोहता के बीच नाले का एस्टीमेट बनाकर भेज दिया गया है। शासन स्तर पर लंबित है। स्वीकृति मिलने के बाद काम शुरू करा दिया जाएगा।
हर दिन होते हैं हादसे
ग्वालियर रोड निवासी मदन मोहन शर्मा ने कहा कि एक ऑटो नहीं, बल्कि हर दिन 10 से ज्यादा ऑटो गड्ढों में फंसकर पलट रहे हैं। लगातार हादसे हो रहे हैं, लेकिन न गड्ढे भरे जा रहे हैं और न ही नाले का निर्माण शुरू किया गया। सड़क बारिश में नहीं बन सकतीं, पर गड्ढों में गिट्टियां तो भरी जा सकती हैं।
ग्वालियर रोड निवासी मनीष तिवारी ने कहा कि लोडिंग ऑटो पलटने के डर से इस क्षेत्र की कॉलोनियों में अब आना ही बंद कर चुके हैं। जो ऑटो आ रहे हैं, वह पलटकर दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं। गरीबों का नुकसान हो रहा है। गिट्टियां बिछा दी जाएं तो ये हादसे बंद हो जाएंगे।