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खटारा गाड़ियां बना दी एंबुलेंस, ऑक्सीजन सिलिंडर के बिना मरीज लेकर दौड़ रहीं
Wed, 08 May 2019 11:23 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 08 May 2019 11:23 AM IST
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एंबुलेंस पकड़ीं
- फोटो : अमर उजाला
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परिवहन और स्वास्थ्य विभाग की लगातार छापेमारी के बावजूद भी एंबुलेंस का हाल सुधरा नहीं। मंगलवार को 10 खटारा एंबुलेंस पकड़ी। इसमें ऑक्सीजन बिना ही गंभीर मरीज लेकर जा रहे थे। एक्सपायर्ड दवाएं भी मिली, अग्निशमन यंत्र भी नहीं थे। नौ का चालान करते हुए एक को सीज किया है।
संयुक्त टीम ने प्रकाश नगर आगरा हेल्प आगरा, एसआर हॉस्पिटल, रामतेज हॉस्पिटल, अमित जग्गी हॉस्पिटल, उपाध्याय हॉस्पिटल, सनराइज हॉस्पिटल, आरती मनोज हॉस्पिटल के पास अभियान चलाकर 10 अवैध एंबुलेंस पकड़ीं। खटारा वैन को एंबुलेंस का रूप दे दिया। एक एंबुलेंस में आक्सीजन सिलिंडर नहीं था और गंभीर मरीज को लेकर भर्ती कराने आए। इसको सीज किया गया है।
इसके अलावा एंबुलेंस में इमरजेंसी ड्रग, मेडिकल किट और फिटनेस भी नहीं थी। आरटीओ (प्रवर्तन) अनिल कुमार ने बताया कि चिकित्सकीय मानक पूरे नहीं थे, फिटनेस भी ठीक नहीं थी। नौ एंबुलेंस का चालन और एक सीज की है। सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स का कहना है कि जिन अस्पतालों की एंबुलेंस संचालित मिली हैं, उनको नोटिस दिए जाएंगे। इनके यहां निरीक्षण भी कराया जाएगा। टीम में एसीएमओ डॉ. एसके राहुल और एआरटीओ दिनेश कुमार रहे।
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संयुक्त टीम ने प्रकाश नगर आगरा हेल्प आगरा, एसआर हॉस्पिटल, रामतेज हॉस्पिटल, अमित जग्गी हॉस्पिटल, उपाध्याय हॉस्पिटल, सनराइज हॉस्पिटल, आरती मनोज हॉस्पिटल के पास अभियान चलाकर 10 अवैध एंबुलेंस पकड़ीं। खटारा वैन को एंबुलेंस का रूप दे दिया। एक एंबुलेंस में आक्सीजन सिलिंडर नहीं था और गंभीर मरीज को लेकर भर्ती कराने आए। इसको सीज किया गया है।
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इसके अलावा एंबुलेंस में इमरजेंसी ड्रग, मेडिकल किट और फिटनेस भी नहीं थी। आरटीओ (प्रवर्तन) अनिल कुमार ने बताया कि चिकित्सकीय मानक पूरे नहीं थे, फिटनेस भी ठीक नहीं थी। नौ एंबुलेंस का चालन और एक सीज की है। सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स का कहना है कि जिन अस्पतालों की एंबुलेंस संचालित मिली हैं, उनको नोटिस दिए जाएंगे। इनके यहां निरीक्षण भी कराया जाएगा। टीम में एसीएमओ डॉ. एसके राहुल और एआरटीओ दिनेश कुमार रहे।
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एक अस्पताल की एंबुलेंस के निरीक्षण में टेक्नीशियन मिला, जब चिकित्सकीय टीम ने उससे ऑक्सीजन सिलिंडर चालू करने को कहा तो वह नहीं कर पाया। टीम ने सख्ती से पूछा तो बताया कि वह 12वीं पास है और अस्पताल में आईसीयू इंचार्ज का भी कार्य करता है। यह सुनकर चिकित्सक भी दंग रह गए। इस हास्पिटल की रिपोर्ट सीएमओ से की जाएगी।
खटारा एंबुलेंस संचालन में अस्पताल संचालकों की भी मिलीभगत सामने आई है। कमीशन पर यह मरीजों को भर्ती करते हैं। इसके एवज में एंबुलेंस चालक को तय कमीशन दिया जाता है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ऐसे हास्पिटलों की सूची बनाई है, जिसकी रिपोर्ट डीएम और सीएमओ को भी की जाएगी।
एंबुलेंस छापेमारी पर आईएमए ने आक्रोश जताया है। आईएमए चेयरमैन डॉ. डीवी शर्मा का कहना है कि परिवहन विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम हॉस्पिटलों की एंबुलेंस का भी निरीक्षण कर खामियां निकाल रही है, जबकि सभी मानक पूरे रहते हैं। उच्चाधिकारियों से इनकी शिकायत की जाएगी।
खटारा एंबुलेंस संचालन में अस्पताल संचालकों की भी मिलीभगत सामने आई है। कमीशन पर यह मरीजों को भर्ती करते हैं। इसके एवज में एंबुलेंस चालक को तय कमीशन दिया जाता है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ऐसे हास्पिटलों की सूची बनाई है, जिसकी रिपोर्ट डीएम और सीएमओ को भी की जाएगी।
एंबुलेंस छापेमारी पर आईएमए ने आक्रोश जताया है। आईएमए चेयरमैन डॉ. डीवी शर्मा का कहना है कि परिवहन विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम हॉस्पिटलों की एंबुलेंस का भी निरीक्षण कर खामियां निकाल रही है, जबकि सभी मानक पूरे रहते हैं। उच्चाधिकारियों से इनकी शिकायत की जाएगी।