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कुदरत का कहरः मां बोली, मैं बेटी की आखिरी झलक तो देख लूं...

Thu, 03 May 2018 08:58 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा Updated Thu, 03 May 2018 08:58 PM IST
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agra victim's family killed in storm
तूफान से तबाही - फोटो : अमर उजाला
आगरा में तूफान की तबाही ने एक मां से उसकी चार साल की बेटी छीन ली। मां भी घायल हुई। पोस्टमार्टम हाउस पर लाश लाई गई तो मां भी पीछे पीछे पहुंच गई।  एक हाथ की हड्डी टूटी थी, लेकिन मां बेटी की आखिरी झलक देखने के लिए अपना दर्द ही भूल गई। 
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परिजनों के लाख समझाने पर भी वो इलाज कराने को तैयार नहीं हुई। चंद कदम की दूरी पर अस्पताल में भर्ती होने से भी इनकार कर दिया। मां को बस यही गम था कि वो बेटी को छोड़कर कुछ देर के लिए क्यों चली गई? अगर, पास होती तो बेटी को खरोंच तक नहीं आने देती।
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खेरागढ़ के गांव गोरऊ निवासी पोखन सिंह की चार साल की बेटी जाह्नवी की तूफान में दीवार गिरने से मौत हो गई। पोखन की पत्नी सूरजमुखी ने बताया कि बुधवार रात को आए तूफान ने संभलने का मौका तक नहीं दिया। सूरजमुखी के अलावा घर में पति पोखन, बेटियां रोशनी और जाह्नवी थीं। 
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पोस्टमार्टम हाउस के बाहर मृतकों के परिजन

agra victim's family killed in storm
तूफान से तबाही - फोटो : अमर उजाला
जिस समय बारिश और तूफान आया, सभी टिनशेड के नीचे बैठे हुए थे। तूफान आने पर सूरजमुखी चूल्हे से दूध उठाने चली गई। तभी तूफान से टिनशेड उड़ गया।

परिजन कुछ समझ पाते उससे पहले ही सीमेंट की दीवार भर-भराकर गिर गई। मलबे के नीचे दो बच्चियां सहित दंपति दब गए।एक घंटे बाद गांव के लोग आए।

इसके बाद मलबे में दबे चारों लोगों को बाहर निकाल लिया गया।चार साल की जाह्नवी मौत के मुंह में समा गई। सूरजमुखी के एक हाथ में फ्रेक्चर हो गया। मां ने बेटी जाह्नवी की लाश देखी तो उनकी चीख निकल गई। 

रोते-बिलखते मृतक के परिजन

agra victim's family killed in storm
तूफान से तबाही - फोटो : अमर उजाला
सूरजमुखी के पति और बड़ी बेटी को अस्पताल में भर्ती कराया गया। जाह्नवी के शव को पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। सूरजमुखी ने अस्पताल में भर्ती होने से इंकार कर दिया। वो बेटी की अंतिम झलक देखने के लिए पोस्टमार्टम हाउस पर अकेली बैठी रही। वो इलाज तक कराने नहीं गई।
 
एक बार परिजन उसे जबरदस्ती ले गए। मगर, वो वापस आ गई। उसका कहना था कि वो कहीं नहीं जाएगी। लाडली बिटिया का आखिरी बार चेहरा उसे देखना है। परिजनों ने बताया कि पोखन सिंह के घर में काफी नुकसान हुआ है। परिवार टिन शेड के नीचे रहता है। हादसे ने सबकुछ उजाड़ दिया है। 
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