{"_id":"59e73de64f1c1bd8538b7f26","slug":"agra-student-developed-device-for-detecting-no-ball-in-cricket","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"रिसर्च स्टूडेंट ने क्रिकेट के लिए बनाई ये खास मशीन, अंपायर से पहले बता देगी नो बॉल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रिसर्च स्टूडेंट ने क्रिकेट के लिए बनाई ये खास मशीन, अंपायर से पहले बता देगी नो बॉल
ब्यूरो/अमर उजाला आगरा
Updated Fri, 20 Oct 2017 10:16 AM IST
विज्ञापन
फ्रंट फुट नो बॉल डिटेक्शन सिस्टम
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा के रिसर्च स्टूडेंट ने पैर का नो बॉल बताने वाली मशीन बनाई है। गेंदबाज का अगला कदम बॉलिंग क्रीज के बाहर निकलते ही मशीन बता देगी। अलार्म बजने के साथ डिस्प्ले पर भी नो बॉल प्रदर्शित हो जाएगा।
शाहगंज के शिवाजी नगर निवासी उमेश अमित परमार, डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के खंदारी परिसर स्थित आईबीएस में फिजिक्स के शोधार्थी हैं। पहले भी उन्होंने कई शोध किए हैं। ‘फ्रंट फुट नो बॉल डिटेक्शन सिस्टम’ उनमें से सबसे खास है।
इसके लिए उमेश अमित परमार ने पेटेंट भी फाइल कर दिया है। यह जल्द प्रकाशित हो जाएगा। वह अपना सिस्टम भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड को दिखाना चाहते हैं, जिससे फ्रंट फुट नो बॉल का समाधान क्रिकेट जगत को मिल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
शाहगंज के शिवाजी नगर निवासी उमेश अमित परमार, डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के खंदारी परिसर स्थित आईबीएस में फिजिक्स के शोधार्थी हैं। पहले भी उन्होंने कई शोध किए हैं। ‘फ्रंट फुट नो बॉल डिटेक्शन सिस्टम’ उनमें से सबसे खास है।
विज्ञापन
इसके लिए उमेश अमित परमार ने पेटेंट भी फाइल कर दिया है। यह जल्द प्रकाशित हो जाएगा। वह अपना सिस्टम भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड को दिखाना चाहते हैं, जिससे फ्रंट फुट नो बॉल का समाधान क्रिकेट जगत को मिल सके।
विज्ञापन
उमेश अमित परमार
- फोटो : अमर उजाला
इस शोध में पिच में एक सेंसिंग प्लेट इस प्रकार लगाई जाती है कि जब गेंदबाज अपना अगला कदम बॉलिंग क्रीज के बाहर निकालता है तो मशीन उसे डिटेक्ट कर लेती है। रिसीवर इंडेक्टर के माध्यम से अलार्म बजने लगता है।
यह डिस्प्ले पर प्रदर्शित भी हो जाएगा। नो बॉल देने के लिए मैदान के अंपायर या थर्ड अंपायर की जरूरत नहीं होगी। माइक्रो सेकेंड में सिस्टम नो बॉल बता देगा।
यह डिस्प्ले पर प्रदर्शित भी हो जाएगा। नो बॉल देने के लिए मैदान के अंपायर या थर्ड अंपायर की जरूरत नहीं होगी। माइक्रो सेकेंड में सिस्टम नो बॉल बता देगा।