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‘बोर्ड साहब’ का हव्वा बढ़ा रहा ब्लड प्रेशर
Agra
Updated Sat, 08 Dec 2012 05:30 AM IST
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आगरा। ‘बोर्ड साहब’ का दौरा अधिकारियों का ब्लड प्रेशर बढ़ाने का काम कर रहा है। एग्जीक्यूटिव कोर्ट में राजस्व से संबधित लंबित मामलों का ग्राफ गिराने के लिए जहां वकीलों से मनुहार की जा रही है कि वह मामलों को सुनवाई तेज करने के लिए बार-बार कार्य बहिष्कार न करें वहीं फाइलें अपडेट नहीं होने पर अधीनस्थों पर गुस्सा भी निकल रहा है।
बताते चलें कि चार जनवरी को सदस्य राजस्व परिषद आगरा में होंगे और कलेक्ट्रेट का निरीक्षण करेंगे। अधिकारियों में ‘बोर्ड साहब’ के नाम से चर्चित राजस्व परिषद के सदस्य कलेक्ट्रेट में न केवल फाइलों के रखरखाव को देखेंगे बल्कि राजस्व वादों से संबंधित मामलों के निस्तारण की गति भी देखेंगे। ऐसे में अधिकारियों का ब्लड प्रेशर हाई हो रहा है। अधिवक्ताओं के बार-बार कार्य बहिष्कार पर जाने से जहां मामलों की सुनवाई की गति धीमी है वहीं कुछ फैसलों के लेकर भी अधिकारियों पर उंगली उठी है। ऐसे में अधिकारियों के लिए फाइलों का रखरखाव और उनसे जुड़े वादों का निस्तारण बड़ी चुनौती है। बोर्ड साहब के निरीक्षण को लेकर अधिकारियों के तनाव के बारे में इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि लंबित मामलों की सूची बन रही है। सूत्रों की मानें तो मामले क्यों लंबित है इसका कारण तैयार किया जा रहा है। वहीं अधिवक्ता संघ से बातचीत कर उन्हें भी मनाने की कोशिश हो रही है कि वह मामलों के निस्तारण में तेजी लाएं।
बताते चलें कि चार जनवरी को सदस्य राजस्व परिषद आगरा में होंगे और कलेक्ट्रेट का निरीक्षण करेंगे। अधिकारियों में ‘बोर्ड साहब’ के नाम से चर्चित राजस्व परिषद के सदस्य कलेक्ट्रेट में न केवल फाइलों के रखरखाव को देखेंगे बल्कि राजस्व वादों से संबंधित मामलों के निस्तारण की गति भी देखेंगे। ऐसे में अधिकारियों का ब्लड प्रेशर हाई हो रहा है। अधिवक्ताओं के बार-बार कार्य बहिष्कार पर जाने से जहां मामलों की सुनवाई की गति धीमी है वहीं कुछ फैसलों के लेकर भी अधिकारियों पर उंगली उठी है। ऐसे में अधिकारियों के लिए फाइलों का रखरखाव और उनसे जुड़े वादों का निस्तारण बड़ी चुनौती है। बोर्ड साहब के निरीक्षण को लेकर अधिकारियों के तनाव के बारे में इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि लंबित मामलों की सूची बन रही है। सूत्रों की मानें तो मामले क्यों लंबित है इसका कारण तैयार किया जा रहा है। वहीं अधिवक्ता संघ से बातचीत कर उन्हें भी मनाने की कोशिश हो रही है कि वह मामलों के निस्तारण में तेजी लाएं।
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