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शत्रु संपत्ति का होगा सर्वे
Agra
Updated Mon, 27 Aug 2012 12:00 PM IST
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आगरा। जिले में स्थित शत्रु संपत्तियों का फिर से सर्वे होगा। सर्वे में वह संपत्ति भी शामिल होगी जिसे कस्टोडियन ऑफ एनमी प्रॉपर्टी ने आवंटित कर दिया है और वह संपत्ति भी जिन्हें आवंटित किया जाना है। गृह विभाग ने इन भवनों की स्थिति, इससे आय के साधन और वर्तमान के कब्जेदारों का ब्यौरा मांगा है।
आगरा में काफी संख्या में शत्रु संपत्ति हैं। कुछ संपत्तियां शत्रु संपत्ति घोषित हो गई हैं वहीं कुछ संपत्तियों को शत्रु संपत्ति घोषित किया जाना है। जिले में करीब तीन दर्जन शत्रु संपत्तियां हैं। इनमें से तीन शत्रु संपत्ति आवंटित की जा चुकी हैं वहीं आठ को आवंटित किए जाने का आवेदन कस्टोडियन के पास किया गया है। गृह विभाग ने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर इन संपत्तियों के सत्यापन के निर्देश दिए हैं। हालांकि यह सत्यापन पिछले सत्यापन से भिन्न होंगे। सूत्रों का कहना है कि चार साल पहले हुए सर्वे में केवल संपत्तियों का सत्यापन हुआ था जबकि इस बार कई बिंदुओं पर जानकारी मांगी गई है। इसमें वर्ष 1965 में संपत्ति के मालिक का नाम और उसके बाद हुए बदलाव, संपत्ति की प्रकृति, उसका वर्तमान में प्रयोग, क्षेत्रफल, उस समय मूल्य, वर्तमान के कब्जेदार उसकी पूरी जानकारी, कब्जे की वजह, वर्तमान मूल्य, किस तहसील, थाने और डाकघर में स्थित है। इसके अलावा संपत्ति की स्थिति, उस पर अतिक्रमण, अगर कोर्ट केस चल रहा हो तो उसकी जानकारी मांगी गई है। सूत्रों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर इन संपत्तियों के सत्यापन के बाद शत्रु संपत्तियों के कस्टोडियन भी सत्यापन करेंगे।
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आगरा में काफी संख्या में शत्रु संपत्ति हैं। कुछ संपत्तियां शत्रु संपत्ति घोषित हो गई हैं वहीं कुछ संपत्तियों को शत्रु संपत्ति घोषित किया जाना है। जिले में करीब तीन दर्जन शत्रु संपत्तियां हैं। इनमें से तीन शत्रु संपत्ति आवंटित की जा चुकी हैं वहीं आठ को आवंटित किए जाने का आवेदन कस्टोडियन के पास किया गया है। गृह विभाग ने जिलाधिकारी को पत्र भेजकर इन संपत्तियों के सत्यापन के निर्देश दिए हैं। हालांकि यह सत्यापन पिछले सत्यापन से भिन्न होंगे। सूत्रों का कहना है कि चार साल पहले हुए सर्वे में केवल संपत्तियों का सत्यापन हुआ था जबकि इस बार कई बिंदुओं पर जानकारी मांगी गई है। इसमें वर्ष 1965 में संपत्ति के मालिक का नाम और उसके बाद हुए बदलाव, संपत्ति की प्रकृति, उसका वर्तमान में प्रयोग, क्षेत्रफल, उस समय मूल्य, वर्तमान के कब्जेदार उसकी पूरी जानकारी, कब्जे की वजह, वर्तमान मूल्य, किस तहसील, थाने और डाकघर में स्थित है। इसके अलावा संपत्ति की स्थिति, उस पर अतिक्रमण, अगर कोर्ट केस चल रहा हो तो उसकी जानकारी मांगी गई है। सूत्रों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर इन संपत्तियों के सत्यापन के बाद शत्रु संपत्तियों के कस्टोडियन भी सत्यापन करेंगे।
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