फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   कटी पटरी

कटी पटरी

Mon, 12 Jun 2017 12:16 AM IST
Updated Mon, 12 Jun 2017 12:16 AM IST
विज्ञापन
कटी पटरी
कासगंज। तहसील क्षेत्र में हजारा नहर की कटी टूटी पटरियां जानलेवा साबित हो रही हैं। आए दिन बड़े हादसे होते हैं, फिर भी प्रशासन और नहर विभाग इस ओर ध्यान नहीं देता। जनप्रतिनिधियों तक का कोई ध्यान नहीं है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जर्जर पटरियों को सही कराने की मांग उठाई।
विज्ञापन



कासगंज-सिकंदर्राऊ मार्ग पर हजारा नहर का मार्ग शुरू होता है जो जिले के कई प्रमुख ग्रामीण इलाकों के बीच से गुजरता है। पचास से अधिक गांव नहर के किनारों पर बसे हुए हैं। ग्रामीणों के ट्रैक्टर ट्रॉली, बैलगाड़ी आए दिन पलट जाते हैं। कई बार नहर में भी वाहन गिर जाते हैं। शनिवार को आल्टो कार भी बड़ा गांव कोटरा पर नहर में गिर गई। जिसमें एक दंपति की मौत हो गई और बालक लापता हो गया। नहर की पटरी ततारपुर से भगवंतपुरगढ़ी की ओर जाती है।
विज्ञापन


इसके आसपास रज्जीनगला,घिनौना, इखौना,भूपालगढ़ी, उढ़ार, दौकेली, बड़ा गांव कोटरा, हरसेना, इनायती, होतीनगला, किनावा, सम्मानगला, हरियाठेर, गोदीनगला, जहांगीरपुर, नगला बीच, जगदीशपुर, किसरौली, झावर सहित तमाम अन्य गांव हैं। पिछले काफी समय से नहर की पटरियां जर्जर हाल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


विधायक देवेंद्र राजपूत का कहना है कटी और टूटी पटरियों के लिए नहर विभाग जिम्मेदार है। जगह जगह नहर की पटरियां बैठी हुई हैं। गंगा सेंड का इस्तेमाल पटरियों की मरम्मत के लिए नहीं किया गया है। अधिकारियों की लापरवाही ही हादसों के लिए जिम्मेदार है।


डीएम आरपी सिंह ने बताया नहर की पटरियों का निरीक्षण करेंगे। नहर विभाग, लोक निर्माण विभाग व अन्य विभागों के अधिकारी बुलाकर प्रस्ताव पर चर्चा की जाएगी और नहर की पटरियों को दुरुस्त कराने के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed