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चांदी के छत्र में सोने का मुकुट पहनकर दर्शन देंगे प्रियाकांतजू
Updated Thu, 30 Aug 2018 08:29 PM IST
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प्रियाकांतजू मंदिर।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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वृंदावन (मथुरा)। ठाकुर प्रियाकांतजू मंदिर में तीन सितंबर को कन्हैया के जन्मोत्सव मनाया जाएगा।
मंदिर सेवायत दिनेश शर्मा एवं विश्व शांति सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट सचिव विजय शर्मा ने बताया कि भागवत प्रवक्ता देवकीनंदन ठाकुरजी महाराज के सानिध्य में तीन सितंबर को रात नौ बजे से मनाए जा रहे जन्माष्टमी महोत्सव पर राधाकृष्ण के विग्रह पर चॉंदी का छत्र चढ़ाया जाएगा और प्रियाकांतजू को सोने का मुकुट पहनाकर सोने की वंशी धारण कराई जाएगी।
वहीं, ठाकुरजी को गोघृत में तैयार छप्पनभोग अर्पित किया जाएगा। गर्भगृह में देशी-विदेशी फूलों से ठाकुरजी के लिए फूलबंगला सजेगा। रेशम के धागों और डायमंड से बनी बहुरंगी पोशाक प्रियाकांतजू धारण करेंगे। ठीक 12 बजे मंदिर गर्भगृह में 51 विप्रवरों द्वारा मंगलश्लोकों के मध्य कन्हैया का जन्म होगा। देवकीनंदन महाराज एवं विद्वान विप्रवर ठाकुरजी के लघु विग्रह का पंचामृत से महाभिषेक करेंगे।
इसके बाद सभी भक्तों द्वारा प्रियाकांतजू की महाआरती की जाएगी। इसके बाद बधाई गीतों के साथ भक्त अपनी खुशी प्रकट करेंगे। चार सितंबर को सुबह 5:30 पर मंगलाआरती की जाएगी।
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मंदिर सेवायत दिनेश शर्मा एवं विश्व शांति सेवा चैरिटेबल ट्रस्ट सचिव विजय शर्मा ने बताया कि भागवत प्रवक्ता देवकीनंदन ठाकुरजी महाराज के सानिध्य में तीन सितंबर को रात नौ बजे से मनाए जा रहे जन्माष्टमी महोत्सव पर राधाकृष्ण के विग्रह पर चॉंदी का छत्र चढ़ाया जाएगा और प्रियाकांतजू को सोने का मुकुट पहनाकर सोने की वंशी धारण कराई जाएगी।
वहीं, ठाकुरजी को गोघृत में तैयार छप्पनभोग अर्पित किया जाएगा। गर्भगृह में देशी-विदेशी फूलों से ठाकुरजी के लिए फूलबंगला सजेगा। रेशम के धागों और डायमंड से बनी बहुरंगी पोशाक प्रियाकांतजू धारण करेंगे। ठीक 12 बजे मंदिर गर्भगृह में 51 विप्रवरों द्वारा मंगलश्लोकों के मध्य कन्हैया का जन्म होगा। देवकीनंदन महाराज एवं विद्वान विप्रवर ठाकुरजी के लघु विग्रह का पंचामृत से महाभिषेक करेंगे।
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इसके बाद सभी भक्तों द्वारा प्रियाकांतजू की महाआरती की जाएगी। इसके बाद बधाई गीतों के साथ भक्त अपनी खुशी प्रकट करेंगे। चार सितंबर को सुबह 5:30 पर मंगलाआरती की जाएगी।
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