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हिम्मतपुर में हिम्मत हार गई स्वच्छता
Updated Tue, 09 Oct 2018 12:06 AM IST
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मैनपुरी। ये बदहाल व्यवस्था की स्याह हकीकत है। एक ओर जहां पूरे देश में स्वच्छता अभियान का डंका पीटा जा रहा है, वहीं किशनी के गांव हिम्मतपुर में स्वच्छता मिशन भी हिम्मत हार गया है। हाल ये है कि शौचालय अधूरे पड़े हैं और लोग खुले में शौच जाने के लिए मजबूर हैं।
ग्राम पंचायत फरैंजी के गांव हिम्मतपुर की आबादी लगभग 1500 है। यहां रहने वाले परिवारों के लिए स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय आवंटित किए गए थे। इनमें से 15 शौचालय अभी तक पूरे नहीं हो सके। हाल ये है कि किसी शौचालय में दरवाजा नहीं है, तो किसी का टैंक नहीं बनाया गया है।
शौचालय निर्माण में मानकों की अनदेखी के चलते अधिकांश शौचालयों की छत टपकती हैं। ग्रामीण इन शौचालयों का उपयोग सामान रखने के लिए कर रहे हैं। वहीं ब्लॉक कर्मचारियों ने शौचालय की कोठरी का फोटो खींचकर उसे वेबसाइट पर अपलोड भी कर दिया है। इसमें शौचालय निर्माण को पूरा दिखाया गया है।
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ग्राम पंचायत फरैंजी के गांव हिम्मतपुर की आबादी लगभग 1500 है। यहां रहने वाले परिवारों के लिए स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय आवंटित किए गए थे। इनमें से 15 शौचालय अभी तक पूरे नहीं हो सके। हाल ये है कि किसी शौचालय में दरवाजा नहीं है, तो किसी का टैंक नहीं बनाया गया है।
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शौचालय निर्माण में मानकों की अनदेखी के चलते अधिकांश शौचालयों की छत टपकती हैं। ग्रामीण इन शौचालयों का उपयोग सामान रखने के लिए कर रहे हैं। वहीं ब्लॉक कर्मचारियों ने शौचालय की कोठरी का फोटो खींचकर उसे वेबसाइट पर अपलोड भी कर दिया है। इसमें शौचालय निर्माण को पूरा दिखाया गया है।
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