फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etah News ›   बीएसए के निलंबन के विरोध में उतरे शिक्षक

बीएसए के निलंबन के विरोध में उतरे शिक्षक

Sat, 17 Feb 2018 11:15 PM IST
Updated Sat, 17 Feb 2018 11:15 PM IST
विज्ञापन
बीएसए के निलंबन के विरोध में उतरे शिक्षक
बीएसए के निलंबन के विरोध में उतरे शिक्षक - फोटो : अमर उजाला
एटा। शिक्षामित्र की मौत के मामले में बीएसए एसके तिवारी के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई के विरोध में शनिवार को शिक्षकों का गुस्सा फूट पड़ा। शिक्षक संगठनों के नेतृत्व में शिक्षकों ने सकीट रोड स्थित बीएसए कार्यालय का घेराव किया। इसके साथ ही शिक्षकों ने लखनऊ से जांच के लिए आए विशेष सचिव को ज्ञापन देकर बीएसए को बहाल करने की मांग की। इसके साथ ही बीएसए की बहाली नहीं होने तक स्कूलों को बंद करने का एलान किया।
विज्ञापन

विधान मंडल में सवाल उठाने के बाद शुक्रवार को बेसिक शिक्षामंत्री अनुपमा जायसवाल ने शिक्षामित्र की आत्महत्या के मामले में बीएसए एसके तिवारी को निलंबित कर दिया। इसे लेकर शनिवार को शिक्षकों में रोष फैल गया। शिक्षकों ने शासन की कार्रवाई का विरोध जताते हुए बीएसए को बहाल करने की मांग की। प्राथमिक शिक्षक संघ के लोकपाल सिंह ने कहा कि शिक्षामित्र की मौत के मामले में शासन द्वारा की गई कार्रवाई पूरी तरह से गलत है। बिना जांच के बीएसए का निलंबन सही नहीं है। बीएसए ने जिले में बेसिक शिक्षा की गुणवत्ता सुधार के लिए पूरे प्रयास किए हैं। शिक्षक पूरी तरह से शासन कार्रवाई का विरोध करते हैं। उन्होेंने शासन कार्रवाई की भर्त्सना की। शिक्षक नेता शशिकांत ने कहा कि बीएसए पर लगाए गए आरोप गलत है। यदि शासन बीएसए को बहाल नहीं करता है, तो शिक्षक सारे स्कूलों को बंद कर देंगे और धरना देंगे। महिला शिक्षक ने कहा कि बीएसए के खिलाफ कार्रवाई गलत है। बीएसए का निलंबन रद्द किया जाए। शिक्षक नेता अनुभव उपाध्याय ने कहा कि बीएसए के खिलाफ कार्रवाई का विरोध करते हैं। शिक्षा मित्र गृह क्लेश से आत्महत्या करने को मजबूर हुआ है। इसका बीएसए कार्यालय से कोई लेना देना नहीं है। आदर्श शिक्षामित्र वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष अवधेश यादव ने कहा कि हमारी लड़ाई शासन से है, न कि बीएसए से। शिक्षामित्र की मौत के मामले में शासन का पूरा दोष है। बीएसए का इससे कोई लेना-देना नहीं है। इस दौरान शिक्षकों ने नारेबाजी करते हुए लखनऊ से जांच को पहुंचे विशेष सचिव को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर राजीव यादव, अर्पित उपाध्याय, रजनीश यादव, राजीव वर्मा समेत तमाम शिक्षक मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed