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छह प्रधानाचार्य करेंगे मैनपुरी जिले के बिना मान्यता वाले स्कूलों की जांच
Updated Fri, 04 May 2018 11:32 PM IST
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investigation
- फोटो : demo pic
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मैनपुरी। बीस कालेजों की सूची तैयार होने के बाद माध्यमिक शिक्षा क्षेत्र में बिना मान्यता के संचालित स्कूल संचालकों में हलचल तेज हो गई है। डीआईओएस ने सभी छह तहसील क्षेत्र राजकीय कालेजों के प्रधानाचार्यों को बिना मान्यता के संचालित स्कूलों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
सचिव माध्यमिक शिक्षा परिषद के निर्देश के बाद डीआईओएस जीएस राजपूत ने जिले में बिना मान्यता के संचालित स्कूलों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। डीआईओएस ने प्रथम चरण में 20 कालेजों की सूची डीएम को कार्रवाई के लिए भेजी थी।
इन कालेज संचालकों के विरुद्ध एफआईआर की तैयारी चल रही है। डीआईओएस ने जिले के सभी छह तहसील क्षेत्रों में बिना मान्यता के संचालित स्कूलों की जांच की जिम्मेदारी राजकीय स्कूल के प्रधानाचार्यों को सौंपी है।
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इन प्रधानाचार्यों से डीआईओएस ने सात दिन में रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। डीआईओएस जीएस राजपूत ने कहा कि उनके निरीक्षण में यदि एक भी विद्यालय बिना मान्यता के संचालित होते पाया गया तो संबंधित के विरुद्ध एफआईआर कराई जाएगी।
प्रथम सूची में शामिल बिना मान्यता के संचालित स्कूलों के संचालक शुक्रवार को डीआईओएस कार्यालय पहुंचे। उन्होंने डीआईओएस को प्रार्थनापत्र देकर स्पष्टीकरण दिया है कि उनके यहां अब किसी प्रकार की अवैध कक्षाएं संचालित नहीं हो रहीं। पूर्व में कुछ बच्चे थे उन्हें संबंधित कालेजों में भेज दिया गया है।
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सचिव माध्यमिक शिक्षा परिषद के निर्देश के बाद डीआईओएस जीएस राजपूत ने जिले में बिना मान्यता के संचालित स्कूलों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। डीआईओएस ने प्रथम चरण में 20 कालेजों की सूची डीएम को कार्रवाई के लिए भेजी थी।
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इन कालेज संचालकों के विरुद्ध एफआईआर की तैयारी चल रही है। डीआईओएस ने जिले के सभी छह तहसील क्षेत्रों में बिना मान्यता के संचालित स्कूलों की जांच की जिम्मेदारी राजकीय स्कूल के प्रधानाचार्यों को सौंपी है।
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इन प्रधानाचार्यों से डीआईओएस ने सात दिन में रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। डीआईओएस जीएस राजपूत ने कहा कि उनके निरीक्षण में यदि एक भी विद्यालय बिना मान्यता के संचालित होते पाया गया तो संबंधित के विरुद्ध एफआईआर कराई जाएगी।
प्रथम सूची में शामिल बिना मान्यता के संचालित स्कूलों के संचालक शुक्रवार को डीआईओएस कार्यालय पहुंचे। उन्होंने डीआईओएस को प्रार्थनापत्र देकर स्पष्टीकरण दिया है कि उनके यहां अब किसी प्रकार की अवैध कक्षाएं संचालित नहीं हो रहीं। पूर्व में कुछ बच्चे थे उन्हें संबंधित कालेजों में भेज दिया गया है।