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पहले उठाई बेटी अब पोती का अपहरण
Updated Mon, 16 Oct 2017 07:38 PM IST
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युवती का अपहरण
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मथुरा। पुलिस का इस्तकबाल खत्म क्यों न हो। कस्बा कोसीकलां से दिनदहाड़े किशोरी का अपहरण हुआ। पुलिस ने एफआईआर लिखी लेकिन जनप्रतिनिधि के दबाव में न तो लड़की बरामद की और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी। चार साल पूर्व पीड़ित की बेटी को भी अगवा किया गया था। पुलिस की लापरवाही से त्रस्त परिवार डीएम कार्यालय के सामने धरने पर बैठ गया है।
कोसीकलां की एक कालोनी निवासी व्यक्ति 18 अगस्त 2017 को पत्नी और नाबालिग पोती के साथ कहीं जा रहा था। रास्ते में दबंगों ने उसे धकियाते हुए पोती को खींच लिया और गाड़ी में डाल कर ले गए। पीड़ित ने शोर मचाया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। कोसीकलां पुलिस ने आरोपियों को पकड़ा भी लेकिन प्रभावशाली जनप्रतिनिधि के दबाव में आरोपी छोड़ दिए। पीड़ित ने एसएसपी के द्वार पर गुहार लगाई पर आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़ित ने बताया कि वर्ष 2012 में यही आरोपी उसकी बेटी को भी उठा कर ले गए थे। जो अभी तक नहीं मिली है। सोमवार को पूरे परिवार के साथ वह जिलाधिकारी कार्यालय पर आ गया और धरने पर बैठ गया। चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उसकी नातिनी और बेटी की बरामदगी न हुई तो वह भूख हड़ताल करेगा।
उल्टे पांव लौटी पुलिस
पुलिस की लापरवाही के खिलाफ डीएम कार्यालय के सामने धरने पर पीड़ित परिवार को उठाने जब थाना सदर पुलिस पहुंची तो पीड़ित ने हंगामा कर दिया और पुलिस को आत्महत्या की धमकी दे दी। जिसे सुनकर थाना सदर पुलिस उल्टे पांव लौट गई।
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किशोरी की बरामदगी को लेकर दबिश दी जा रही है। जल्द ही उसे बरामद कर लिया जाएगा।
उदयवीर सिंह मलिक, थानाध्यक्ष कोसीकलां
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कोसीकलां की एक कालोनी निवासी व्यक्ति 18 अगस्त 2017 को पत्नी और नाबालिग पोती के साथ कहीं जा रहा था। रास्ते में दबंगों ने उसे धकियाते हुए पोती को खींच लिया और गाड़ी में डाल कर ले गए। पीड़ित ने शोर मचाया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। कोसीकलां पुलिस ने आरोपियों को पकड़ा भी लेकिन प्रभावशाली जनप्रतिनिधि के दबाव में आरोपी छोड़ दिए। पीड़ित ने एसएसपी के द्वार पर गुहार लगाई पर आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। पीड़ित ने बताया कि वर्ष 2012 में यही आरोपी उसकी बेटी को भी उठा कर ले गए थे। जो अभी तक नहीं मिली है। सोमवार को पूरे परिवार के साथ वह जिलाधिकारी कार्यालय पर आ गया और धरने पर बैठ गया। चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उसकी नातिनी और बेटी की बरामदगी न हुई तो वह भूख हड़ताल करेगा।
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उल्टे पांव लौटी पुलिस
पुलिस की लापरवाही के खिलाफ डीएम कार्यालय के सामने धरने पर पीड़ित परिवार को उठाने जब थाना सदर पुलिस पहुंची तो पीड़ित ने हंगामा कर दिया और पुलिस को आत्महत्या की धमकी दे दी। जिसे सुनकर थाना सदर पुलिस उल्टे पांव लौट गई।
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किशोरी की बरामदगी को लेकर दबिश दी जा रही है। जल्द ही उसे बरामद कर लिया जाएगा।
उदयवीर सिंह मलिक, थानाध्यक्ष कोसीकलां