अफसरों के बंपर तबादलों पर हिमाचल सचिवालय में रही गहमागहमी
प्रशासनिक सचिव के विभागों में फेरबदल के बाद कुछ अफसरों ने नए प्रभार संभाल लिए, जबकि अधिकांश ने पुराने विभागों की लंबित फाइलों को निस्तारित करने में दिन गुजारा। कई सचिवों के कमरों में तबादलों से नाखुश अफसरों की बैठकें चलती रही।
तबादलों में सबसे बड़े बदलाव के तौर पर देखे जा रहे मुख्यमंत्री के नए प्रधान सचिव श्रीकांत बाल्दी ने अभी नए कार्यालय में शिफ्ट नहीं किया है। उधर, सचिवालय में यह चर्चाएं भी खूब चलीं कि तबादलों से किस अफसर का कद बढ़ा तो किसके पर कतरे गए।
शनिवार को अवकाश के दिन वरिष्ठ आईएएस अफसरों के विभागों में बदलाव के बाद पहले कार्य दिवस पर उसका असर सचिवालय में दिखा। नए प्रभार मिलने वाले सचिवों के कार्यालय में बधाई देने वाले उनके कनिष्ठ अधिकारियों का तांता लगा रहा।
नए एसीएस वित्त अनिल खाजी ने अभी प्रभार नहीं लिया, जबकि पुराने एसीएस वित्त बाल्दी के कार्यालय में वित्त और योजना के अधिकारियों की बैठकें और लंबित कार्यों का निस्तारण हुआ।
यहां जानिए किस अधिकारी ने क्या किया
नए गृह एवं सतर्कता और स्वास्थ्य एसीएस बीके अग्रवाल के अवकाश पर होने के चलते प्रबोध सक्सेना ने नए प्रभार के साथ उनके भी विभागों का काम देखा। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा के शिमला में होने के चलते सक्सेना भी प्रभार नहीं संभाल सके।
एसीएस तरुण कपूर ने ऊर्जा और प्रधान सचिव ओंकार ने कृषि का नया प्रभार संभाल लिया है। एसीएस मनीषा नंदा और एसीएस राम सुभग सिंह अपने कार्यालयों में नहीं थे। माना जा रहा है कि दोनों एक-दो दिन में नए प्रभार संभालेंगे।
प्रधान सचिव मुख्यमंत्री के पद से हटने के बाद मनीषा नंदा के नए कार्यालय में साफ सफाई का काम चलता रहा। प्रधान सचिव जेसी शर्मा ट्रांसपोर्ट और प्रधान सचिव आरडी धीमान बागवानी विभाग के अतिरिक्त
बजट घोषणाएं पूरी करने की चुनौती
प्रभार का चार्ज मंगलवार तक लेंगे। प्रधान सचिव संजय गुप्ता ने आयुर्वेद विभाग का चार्ज लेने के साथ उनसे पहले विभाग देख रही एसीएस निशा सिंह से मुलाकात भी की।
नए प्रभार मिलने के साथ अफसरों को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की बजट भाषण में घोषित 28 नई योजनाओं को धरातल पर उतारने का लक्ष्य रहेगा। मुख्यमंत्री नई घोषणाओं को लेकर बेहद गंभीर हैं।
कई विभागों में अभी तक बजट घोषणाओं को लेकर कोई खास प्रगति नहीं हुई है। इस संबंध में मुख्य सचिव ने भी सचिवों को दिशा-निर्देश जारी किए थे। अब नए प्रभार आवंटित होने के बाद सचिवों को अपडेट देना होगा।