आयकर के 800 करोड़ भी डकार गई टेक्नोमैक कंपनी, ऐसे हुआ खुलासा
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करीब 43 सौ करोड़ की राज्य कर चोरी और बैंक फ्राड मामले में सीआईडी के रडार पर चल रही टेक्नोमैक कंपनी ने करीब 800 करोड़ रुपये का आयकर भी हड़पा है।
आयकर रिटर्न की जांच के बाद खुलासा हुआ है कि कंपनी ने फर्जीवाड़ा कर न सिर्फ 2000 करोड़ के राज्य कर का गबन किया है बल्कि दस्तावेजों में हेरफेर कर आयकर भी हड़प लिया। कंपनी के एमडी को उद्घोषित अपराधी घोषित करने की प्रक्रिया के बीच आयकर विभाग ने सीआईडी से यह जानकारी साझा की है।
कंपनी के एमडी जांच एजेंसी की पकड़ से दूर
सूत्रों के अनुसार आयकर विभाग चाहता है कि अगर संपत्ति को कुर्क करने के बाद अगर नीलामी होती है तो उससे आयकर राशि की भी भरपाई की जाए।मामले के मुख्य आरोपी एवं कंपनी के एमडी राकेश शर्मा वर्तमान में जांच एजेंसी की पकड़ से दूर हैं।
सीआईडी की जांच के दौरान पिछले साल ही ईडी व आयकर विभाग ने जांच से जुड़े दस्तावेज मांगे थे। आयकर विभाग को आशंका थी कि दो हजार करोड़ से ज्यादा का स्टेट टैक्स चोरी करने वाली कंपनी ने आयकर रिटर्न जमा करने में भी गड़बड़ी की है।
सीआईडी की अब तक की जांच में यह बात सामने आई है कि राज्य कर एवं आबकारी विभाग ने फर्जी बिलों को आधार बनाकर टैक्स की गलत असेसमेंट की है।