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Himachal: धारा 118 के तहत ली जमीन पर मकान या उद्योग लगाने के लिए तीन के बजाय अब मिलेंगे पांच साल
Tue, 28 Mar 2023 09:51 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 28 Mar 2023 09:51 PM IST
सार
धारा 118 में संशोधन को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंजूरी दे दी है, जिसमें इस धारा के तहत ली गई जमीन पर मकान बनाने या उद्योग लगाने के लिए अब तीन साल के बजाय पांच साल मिलेंगे।
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हिमाचल विधानसभा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश मुजारियत और भूमि सुधार विधेयक 2022 के तहत धारा 118 में संशोधन को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंजूरी दे दी है, जिसमें इस धारा के तहत ली गई जमीन पर मकान बनाने या उद्योग लगाने के लिए अब तीन साल के बजाय पांच साल मिलेंगे। राष्ट्रपति से स्वीकृति मिलने के बाद इस विधेयक को मंगलवार को राज्य विधानसभा के सचिव ने सदन के पटल पर रखा। इस विधेयक को वर्ष 2022 में जयराम सरकार के कार्यकाल में पारित किया गया था।
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राज्य और केंद्र सरकार का संयुक्त विषय होने के चलते इसे राज्यपाल ने 9 नवंबर 2022 को राष्ट्रपति की मंजूरी के लिए नई दिल्ली भेजा था। इस पर अब जब राष्ट्रपति की मंजूरी आ गई है तो इस संबंध में सदन को परिचित करवा दिया गया। इसके लिए वर्ष 1972 की उप धारा 2 के खंड ज के नीचे दो वर्ष के स्थान पर तीन वर्ष और एक वर्ष के स्थान पर दो वर्ष किया गया है।
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यानी पहले यह प्रावधान था कि अगर कोई व्यक्ति या उद्यमी धारा 118 के तहत अनुमति लेकर हिमाचल प्रदेश में जमीन लेता है तो उसे अपने मकान या औद्योगिक परियोजना को दो साल के अंदर जमीन पर उतारना होता था। अगर वह ऐसा नहीं कर सकता है तो उसे एक साल का अतिरिक्त वक्त दिया जाता था, लेकिन अब दोनों ही मामलों में एक-एक साल की अवधि बढ़ा दी गई है। अब इसे तीन साल में धरातल पर उतारना होगा और अगर ऐसा नहीं हो पाया तो दोबारा मंजूरी लेकर दो साल की अवधि और मिलेगी।