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हिमाचलः 12 घंटें तक एंबुलेंस न मिलने से पांच दिन की नवजात बच्ची की मौत
Sat, 25 May 2019 06:39 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंबा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंबा
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sat, 25 May 2019 06:39 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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एंबुलेंस न मिलने से पांच दिन की नवजात की जान चली गई। एमएस चंबा के मुताबिक 108 एंबुलेंस के बुक होने की सूरत में प्रभावित परिजनों को अस्पताल की तरफ से एंबुलेंस प्रदान करवा दी गई थी। एसडीएम चंबा दिप्ती मंढोत्रा ने शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए खुद इस मामले की छानबीन करने की बात कही है।
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ग्राम पंचायत जड़ेरा के गांव कलीली निवासी मोहम्मद रफी ने बताया कि उसकी पत्नी मनीरा बेगम ने 20 मई को सिजेरियन डिलीवरी से नवजात बच्ची को जन्म दिया था। बच्ची के पेट में स्वेलिंग होने की वजह से उसे टांडा मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर किया गया। मोहम्मद रफी ने बताया कि नवजात को एंबुलेंस प्रदान करने के लिए उन्होंने कई बार 108 एंबुलेंस प्रदाता कंपनी को फोन किया। उन्हें एंबुलेंस के मरीज को लेकर जाने की बात कही गई।
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जिसके बाद अस्पताल प्रबंधन को भी सूचित किया गया, पर वहां से भी उन्हें निराशा ही हाथ लगी। रात पौने बारह बजे तक उन्हें एंबुलेंस नहीं मिल सकी। मोहम्मद रफी के मुताबिक उन्होंने दो बार निजी एंबुलेंस में नवजात और अपनी पत्नी को टांडा लेकर जाने की बात कही तो उन्हें निजी एंबुलेंस की जगह एंबुलेंस प्रदान करने की बात कही गई। रफी ने कहा की रात बारह बजे उन्हें एंबुलेंस दी गई।
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जब वे लाहडू के पास कालीघार नामक स्थान पर पहुंचें तो रास्ता बंद होने पर वे सिविल अस्पताल चुवाड़ी लौट आए। अस्पताल में पहुंचने पर वहां पर तैनात चिकित्सक ने उन्हें बताया कि दो घंटे पहले यदि नवजात को टांडा मेडिकल कॉलेज पहुंचा दिया जाता तो उसका समय पर उपचार शुरू हो जाता। लेकिन उसके कुछ देर बाद नवजात ने दम तोड़ दिया।
पीड़ित परिवार का रो-रो कर बुरा हाल है। प्रभावित परिजनों ने एसडीएम चंबा, पुलिस थाना प्रभारी चंबा को शिकायत पत्र सौंप कर मामले की तफ्तीश करने और नवजात को रेफर करने वाले चिकित्सक के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग उठाई है।
एसडीएम चंबा दिप्ती मंढोत्रा ने बताया कि उनके पास शिकायत पहुंची है। मामले की वह स्वयं जांच करेगी। एसएचओ चंबा प्रशांत ठाकुर ने बताया कि प्रभावित परिजनों द्वारा उनके पास शिकायत सौंपी गई है। इस शिकायत के आधार पर मेडिकल कॉलेज चंबा के प्रधानाचार्य को मामले की तफ्तीश करने और रिपोर्ट सौंपने बारे कहा जाएगा।
एमएस चंबा डॉ. विनोद शर्मा ने बताया कि 108 एंबुलेंस बुक होने की सूरत में अस्पताल प्रबंधन द्वारा एंबुलेंस प्रदान करवाई गई है। इतना ही नहीं, एंबुलेंस न होने की सूरत में उन्हें निजी एंबुलेंस हायर करने और उसके बिलों की पेमेंट आरकेएस के तहत करने की भी बात कही गई थी।