हिमाचल विधानसभा सत्र: सीएम सुक्खू बोले- ओपीएस कर्मचारियों का 15 फीसदी महंगाई भत्ता लंबित, 6 किस्तें बाकी
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बुधवार को विधानसभा में यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने बिलासपुर के विधायक त्रिलोक जम्वाल के सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। सदन में दी जानकारी के अनुसार 1 जुलाई 2023 से एक फीसदी डीए लंबित है।
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हिमाचल प्रदेश में पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) के तहत आने वाले सरकारी कर्मचारियों का 15 फीसदी महंगाई भत्ता (डीए) लंबित है। यह भत्ता छह किस्तों में बकाया है, जिसकी सबसे पुरानी किस्त 1 जुलाई 2023 से लंबित है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने बुधवार को विधानसभा में यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने बिलासपुर के विधायक त्रिलोक जम्वाल के सवाल के लिखित जवाब में यह जानकारी दी। सदन में दी जानकारी के अनुसार 1 जुलाई 2023 से एक फीसदी डीए लंबित है। इसके बाद 1 जनवरी 2024 से चार फीसदी और 1 जुलाई 2024 से तीन फीसदी डीए बकाया है। 1 जनवरी 2025 से दो फीसदी, 1 जुलाई 2025 से तीन फीसदी और 1 जनवरी 2026 से दो फीसदी डीए लंबित है। कुल मिलाकर यह छह किस्तें 15 फीसदी बनती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की आर्थिक स्थिति मजबूत होने के बाद ही लंबित भुगतान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों को इन किस्तों का भुगतान करने में देरी हो रही है। वित्तीय स्थिति सुधारने के लिए प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।
एनपीएस और ओपीएस कर्मचारियों की कोई किस्त लंबित नहीं
प्रदेश सरकार के विभिन्न विभागों में दो तरह के नियमित कर्मचारी कार्यरत हैं। एक वर्ग न्यू पेंशन स्कीम (एनपीएस) या यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) के तहत आता है। दूसरा वर्ग पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) के तहत है। एनपीएस और यूपीएस कर्मचारियों को केंद्र सरकार की तर्ज पर 60 फीसदी महंगाई भत्ता मिल रहा है। इन कर्मचारियों की कोई भी किस्त लंबित नहीं है।
ओपीएस के तहत कर्मचारियों को सरकार 15 अक्तूबर से 45 फीसदी महंगाई भत्ता दे रही
ओपीएस के तहत आने वाले कर्मचारियों को प्रदेश सरकार 15 अक्तूबर 2025 से 45 फीसदी महंगाई भत्ता दे रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार में वर्तमान में महंगाई भत्ते की दर 60 फीसदी है। हिमाचल में ओपीएस कर्मचारियों को मिल रहे 45 फीसदी और केंद्र की 60 फीसदी दर के बीच 15 फीसदी का अंतर है। मुख्यमंत्री के जवाब के अनुसार यही 15 फीसदी महंगाई भत्ता ओपीएस कर्मचारियों की छह लंबित किस्तों से जुड़ा है।