विधानसभा चुनाव में भितरघात करना पड़ा महंगा, ये 16 कांग्रेस नेता पार्टी से निष्कासित
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कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव में भितरघात करने के आरोप पर 16 नेताओं एवं पदाधिकारियों को पार्टी से छह साल के लिए बाहर का रास्ता दिखा दिया है। यह कार्रवाई स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह के द्रंग विधानसभा क्षेत्र और आनी हलके में की गई है।
निष्कासन की गाज कुल्लू और लाहौल स्पीति की कृषि उत्पाद मंडी समिति (एपीएमसी) के अध्यक्ष यूपेंद्र कांत मिश्रा पर भी गिरी। आनी में विधायक खूबराम को भी कांग्रेस से निष्कासित करने की सिफारिश की गई है। डीसीसी अध्यक्ष बुद्धि सिंह ठाकुर ने निष्कासन की पुष्टि की है।
बता दें कि आनी विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस ने पहले विधायक खूब राम का टिकट काटकर बंसी लाल को दिया, लेकिन बाद में विरोध करने पर ये टिकट परस राम को दिया गया। इस पर यहां कांग्रेस कई धड़ों में बंट गई।
आनी से इनका हुआ निष्कासन
द्रंग से ब्लॉक कांग्रेस ने पीसीसी के प्रदेश सचिव समेत 11 कांग्रेसियों को बाहर का रास्ता दिखा दिया है। गत 23 नवंबर को बिजनी में बैठक के दौरान कार्यकर्ताओं ने सर्वसम्मति से पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल कार्यकर्ताओं की सूची का प्रस्ताव पारित कर जिला और प्रदेश कांग्रेस को भेजा।
युवा कांग्रेस से निष्कासित पदाधिकारियों की सूची युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष विक्रमादित्य सिंह को भी भेजी गई है। ब्लॉक कांग्रेस द्रंग के स्थायी सचिव रोशन महंत ने निष्कासित सदस्यों की पुष्टि की। आनी से एपीएमसी अध्यक्ष यूपेंद्र कांत मिश्रा, बंसी लाल, सतपाल, कुलवंत कश्यप और सतपाल को कांग्रेस पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित किया गया है।
द्रंग कांग्रेस से इनकी हुई छुट्टी
द्रंग ब्लॉक कांग्रेस इंटक अध्यक्ष घनश्याम शर्मा, युवा कांग्रेस उपाध्यक्ष शंकर ठाकुर, मंडी जिला कांग्रेस के पूर्व उपाध्यक्ष भादर सिंह मुगलाना, जिला कांग्रेस के, पूर्व महासचिव मनोहर चंद, प्रदेश कांग्रेस सचिव शारदा ठाकुर,
द्रंग ब्लॉक कांग्रेस उपाध्यक्ष भूप सिंह ठाकुर, पूर्व प्रधान ग्राम पंचायत कटौला चैना राम, कमांद पंचायत के उपप्रधान मुहम्मद अली, इलाका बदार से हीरा लाल ठाकुर, गोपाल ठाकुर और रोशन लाल ठाकुर को निष्कासित किया गया।