बदलने लगे चुनावी समीकरण, किसी ने बेटे तो किसी ने पिता के लिए छोड़ दी सीट
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कांग्रेस में अकेले मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ही बेटे विक्रमादित्य सिंह से चुनाव लड़ाना चाह रहे हैं, ऐसा नहीं है। नई दिल्ली में प्रदेश चुनाव समिति की बैठक में कुछ अन्य नेताओं की भी अपने रिश्तेदारों से चुनाव लड़ाने की योजना सार्वजनिक हुई है।
इस समिति ने पालमपुर से स्पीकर बृज बिहारी लाल बुटेल के स्थान पर उनके बेटे आशीष बुटेल और ज्वाली से सीपीएस नीरज भारती की जगह पर उनके पिता चंद्र कुमार का नाम पैनल में शामिल किया है।
प्रदेश चुनाव समिति की बैठक में कांग्रेस ने 68 में से 41 सीटों पर सिंगल प्रत्याशियों के नाम केंद्रीय छंटनी कमेटी को भेजे हैं। इनमें 31 सिटिंग विधायकों के अकेले नाम पैनल में शामिल हैं। 10 अन्य सिंगल नामों में पूर्व प्रत्याशी और कुछ नए चेहरे भी शुमार हैं।
कौल सिंह बेटी चंपा ठाकुर के लिए चाहते हैं टिकट
देर रात तक छंटनी कमेटी और केंद्रीय चुनाव समिति की बैठकों में पैनलों पर चर्चा होती रही। दूसरी ओर, वरिष्ठ मंत्री कौल सिंह ठाकुर मंत्री अनिल शर्मा के भाजपा में शामिल होने का सियासी लाभ उठाते हुए मंडी सदर से बेटी चंपा ठाकुर के लिए टिकट चाहते हैं।
चंपा ठाकुर का सिंगल नाम भेजकर वे उनका टिकट पक्का करवाने की दिशा में कामयाब माने जा रहे हैं। आनी से विधायक खूब राम और किन्नौर से विधायक जगत सिंह नेगी के साथ ही पैनल में दो-दो अन्य टिकटार्थियों के नाम भेजे गए हैं।
सीएम वीरभद्र सिंह का ठियोग से तो उनके पुत्र विक्रमादित्य सिंह का शिमला ग्रामीण से अकेला नाम पैनल में भेजा गया है।