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हिमाचल चुनाव: ईवीएम में निकली गड़बड़ी तो कैसे तय होगी जीत-हार, यहां जानिए

Sun, 17 Dec 2017 12:43 PM IST
दीपक मेहता/अमर उजाला, शिमला
दीपक मेहता/अमर उजाला, शिमला Updated Sun, 17 Dec 2017 12:43 PM IST
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himachal assembly election 2017 if discrepancy in evm then vvpat used for counting

मतगणना के दौरान ईवीएम और वीवीपैट की गणना ने मेल नहीं खाया तो नतीजा वीवी पैट से तय होगा। यह स्थिति तब आ सकती है जब ईवीएम मशीनों की गिनती के बाद क्षेत्र के किसी एक बूथ के वीवी पैट की पर्चियों की गिनती एक बराबर नहीं आती।

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ऐसी स्थिति में वीवी पैट मशीन के आंकड़े को मान्य माना जाएगा। इसके बाद भी अगर प्रत्याशी नतीजे पर आपत्ति जताता है तो रिटर्निंग अधिकारी सभी बूथों की वीवी पैट मशीनों की गिनती दोबारा करवा सकता है। ऐसा तभी होगा जब आरओ प्रत्याशी की अपील से पूरी तरह सहमत है।
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पिछले चुनाव में ईवीएम पर उठे सवालों से निपटने के लिए इस बार आयोग ने प्रदेश में पहली बार वीवीपैट मशीनें को चुनाव में शामिल किया है। गड़बड़ी की आशंका को दूर करने के लिए आयोग ने ईवीएम और वीवीपैट के मिलान का प्रावधान रखा है।
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हर विधानसभा क्षेत्र के किसी एक पोलिंग बूथ से एक वीवी पैट मशीन को ड्रा के माध्यम से चुना जाएगा। चुने गए बूथ के वीवी पैट में दर्ज मत ईवीएम के कंट्रोल यूनिट से आए मतों के बराबर होने चाहिए। अगर दोनों का आंकड़ा मेल नहीं खाता है तो वीवी पैट का आंकड़ा निर्णायक होगा। 

दोनों की गणना में आया अंतर तो वीवी पैट का आंकड़ा होगा मान्य

himachal assembly election 2017 if discrepancy in evm then vvpat used for counting

इसके बाद भी प्रत्याशी अपनी आपत्ति आरओ से दर्ज करवाता है, तो आरओ अपील की सुनवाई करेगा। यह आरओ पर निर्भर करेगा कि संबंधित विधानसभा क्षेत्र के सभी पोलिंग बूथों में लगी वीवी पैट मशीनों में दर्ज मतों की भी गिनती करवाई जाए।

सभी वीवी पैट मशीनों से मिलने वाले आंकड़े का मिलना ईवीएम मशीनों से मिले नतीजे से होगा। ऐसी स्थिति में अंतिम निर्णय ईवीएम मशीनों की जगह वीवी पैट से मिलने वाली वोट संख्या से होगा। 

किसी एक पोलिंग बूथ की पर्ची ड्रा के माध्यम से दोबारा गणना के लिए चुनी जाएगी। ईवीएम और वीवीपैट के आपस में मिलान न होने की स्थिति में वीवीपैट मशीन की गणना ही मान्य होंगी। 
भूपेंद्र अत्री, रिटर्निंग अधिकारी शिमला ग्रामीण

क्या है वीवीपैट मशीन
वीवीपीएटी मशीन को ईवीएम के साथ जोड़ा जाता है। इससे मतदाता की जानकारी को प्रिंट करके मशीन में स्टोर कर लिया जाता है और विवाद की स्थिति में जानकारी को उपलब्ध कराकर समस्या को सुलझाया जा सकता है।

मतदान में निष्पक्षता लाने के लिए इस सिस्टम का इस्तेमाल किया जा रहा है। मतदाता जैसे की बटन दबाकर किसी प्रत्याशी को वोट देगा, उसके सात सेकेंड के भीतर वीवीपैट पर उस प्रत्याशी की फोटो प्रदर्शित हो जाएगा।

जिसे ये पुख्ता किया जा सकेगा कि आपका वोट आपके मुताबिक हुआ या नहीं।

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