जब मिलेगा इंसाफ, तब होगा अंतिम संस्कार
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हिमाचल प्रदेश के सोलन जिला बद्दी क्षेत्र में युवक की मौत पर पुलिस कार्रवाई से असंतुष्ट ग्रामीणों ने शव का अंतिम संस्कार न करके अनोखे तरीके से विरोध शुरू किया हैं। यह मामला हिमाचल के बद्दी और हरियाणा के गांव नवानगर का है।
हत्या का मुकदमा दर्ज और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए ग्रामीण तीन दिन बीत जाने के बाद भी मृतक का अंतिम संस्कार नहीं कर रहे हैं।
पोस्टमार्टम के बाद ग्रामीणों ने शव को गांव के बाहर बर्फ में रख दिया है। आरोप है कि युवक की हत्या हुई है जबकि पिंजौर थाना में दुर्घटना का मामला दर्ज किया है।
नवा ग्राम गाव के सरपंच देवराज व पूर्व सरपंच शेर सिंह ने बताया कि 15 की रात को मृतक गुरपाल (33) व लाभ सिंह अपने-अपने ट्रैक्टर से हरियाणा से सिसमा खड्ड(कुराली रोपड़) से रेत लेने गए।
सड़क पर लहूलुहान मिला था शव
इसी दौरान खनन पर शिकंजा कसने बैठी पंजाब वन विभाग की टीम दबिश दी। लाभ सिंह वहां से भाग खड़ा हुआ, लेकिन वह वन विभाग की टीम के हथे चढ़ गया।
आरोप है कि गांव से कुछ दूरी पर वन कर्मियों ने लाभ सिंह को रोक कर उसके ट्रैक्टर स्वयं चला कर लाए तथा लाभ सिंह की जम कर धुनाई की तथा उसे एक मकान में बंद कर दिया।
उधर, मंगलवार को सुबह गुरपाल का शव गांव से सौ मीटर की दूरी पर मिला। उसके सिर में तेज हथियार से वार किया हुआ था। दोनो हाथ लोहे की रोड़ से तोड़े हुए थे।
जबकि उसका ट्रैक्टर उसके शव से सौ मीटर दूर खड़ा था। ट्रैक्टर में किसी प्रकार का खून नहीं था। जबकि घटना स्थल पर खून फैला हुआ था।
ग्रामीणों ने उठाए ये सवाल
ग्रामीणें का आरोप है कि ट्रैक्टर खड़ा है। उसमें चाबी लगी हुई है तो गुरपाल की मौत दुर्घटना से कैसे हुई। ग्रामीणों को शक है कि वन कर्मियों ने गुरपाल को मारा है तथा उसके शव गांव के आगे फैंक कर वापस सिसमा चले गए।
जब तक इन आरोपियों को पुलिस नहीं पकड़ती है तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा।
बद्दी- सिसमा मार्ग पर लोगों ने जताया रोष
उधर, सरपंच देवराज, पूर्व सरपंचशेर सिंह, राज कुमार,नरेद्रं सिंह,गुरदीता, देवेंद्र , जगपाल, गुरचरण सिंह, जगदीप संह, गुरनाम सिंह, दलीप सिंह, शेर सिंह, लाभ सिंह, रामजी दास के नेतृत्व में सैंकड़ों लोग नवाग्राम सिसमा रोड़ पर खड़े रहे।
लोगों का कहना है था जब तक आरोपियों को पकड़ा नहीं जाता है तब तक वह शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।
ग्रामीणों की शिकायत पर तलब किए वन कर्मी
पिंजौर थाने के प्रभारी इंस्पेक्टर ललित कुमार ने बताया कि पुलिस ने पहले दुर्घटना का मामला दर्ज किया था लेकिन लोगों की शिकायत पर पुलिस ने पांच वन कर्मियों को थानो तलब किया है।
पुलिस इसकी जांच कर रही है। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जो भी तथ्य सामने आएगें उसके अनुसार पुलिस कार्रवाई करेगी।