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खंभे पर मरम्मत कर रहा था लाइनमैन हुआ खौफनाक हादसा

Mon, 02 Nov 2015 01:07 PM IST
Updated Mon, 02 Nov 2015 01:07 PM IST
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HPSEB lineman dies from electrocution.

विद्युत बोर्ड की लापरवाही के कारण खंभे पर चढ़कर बिजली की मरम्मत कर रहे सहायक लाइनमैन की करंट लगने से मौत हो गई। हादसा रविवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे कोटलानाला के पास हुआ। बिजली बंद होने की सूचना मिलने के बाद लाइनमैन संबंधित क्षेत्र में खंभे पर चढ़कर तारों का निरीक्षण कर रहा था। इस दौरान अचानक बिजली की तारों में करंट दौड़ पड़ा जिससे जोर से झटका लगने के बाद लाइनमैन जमीन पर गिर गया।

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नीचे पत्थर से सिर टकराने के बाद उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने मृतक की शिनाख्त सहायक लाइनमैन विरेंद्र कुमार पुत्र अमर सिंह निवासी भावाई तहसील संगड़ाह (सिरमौर) उम्र 36 साल के रूप में की है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। उधर, बताया जा रहा है कि संबंधित क्षेत्र में बिजली बिलकुल बंद की थी। लिहाजा तारों में अचानक करंट कैसे आ गया। ऐसे में बिजली बोर्ड की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
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तो कैसे हो गई चूक-
सवाल उठ रहे हैं कि क्या बिजली बोर्ड के संबंधित अधिकारियों ने सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद सहायक लाइनमैन को खंभे पर नहीं चढ़ाया था? अगर ऐसा है तो चूक कैसे हो गई। बोर्ड के अधिकारियों के मुताबिक किसी भी क्षेत्र में बिजली की मरम्मत के लिए कर्मियों को खंभों पर चढ़ाने से पहले काफी औपचारिकताएं पूरी की जाती है।
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सोर्स सब स्टेशन से निर्धारित समयावधि के लिए बिजली बंद करने का परमिट लिया जाता है। उसके बाद कर्मचारियों को इंश्योर किया जाता है और परमिट नंबर देने के बाद ही कर्मचारियों को खंभे पर चढ़ने की अनुमति मिलती है। बताया जा रहा है कि मृतक कर्मचारी ने यह तमाम औपचारिकताएं पूरी की थी।

विभाग ने दी ये सफाई

HPSEB lineman dies from electrocution.

विभाग के मुताबिक शहर में स्टैंडबाई सप्लाई या डबल लाइन बहाल करने के कारण यह हादसा हो सकता है। कुछ प्रभावित हिस्सा काटकर दूसरे हिस्से पर सप्लाई जारी रहती है। हो सकता है उसी दौरान तारों के आपस में उलझने या सप्लाई रिपीट होने से यह हादसा हुआ हो।

सेफ्टी उपकरण भी नहीं- हैरत की बात है कि हादसे के वक्त कर्मचारी ने सुरक्षा उपकरण नहीं पहने थे। पुलिस का दावा है कि न तो कर्मी ने सेफ्टी बूट, न ही हेलमेट व अन्य सुरक्षा के उपकरण लगाए थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक झटके से वह एकदम जमीन पर आ गिरा जिससे वहां पड़े पत्थर पर उसका सिर टकराने के बाद उसकी मौत हो गई। अगर सुरक्षा उपकरण डाले होते तो शायद उसकी जान बच सकती थी।

सब इंस्पेक्टर सुनिता वर्मा ने बताया कि लाइनमैन की मौके पर ही मौत हो गई। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने धारा 174 के तहत कार्रवाई डालकर छानबीन शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि परिजनों या विभाग की शिकायत पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।

अधीक्षण अभियंता धीरज मित्तल ने कहा के तारों में करंट दौड़ने के कारण असिस्टेंट लाइनमैन की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि बिजली बंद करने की अनुमति थी। करंट कैसे आया इसकी छानबीन की जा रही है। हो सकता है कि किसी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही हो? जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित कर दी गई है जिसमें एक्सईएन स्तर के दो अधिकारी और एक एसडीओ को शामिल किया गया है। अगर किसी कि लापरवाही निकली तो उस पर कार्रवाई होगी।

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