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आईजीएमसी में ऑक्सीजन वितरण कार्य आउटसोर्स
Updated Fri, 16 Feb 2018 10:28 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
शिमला।
प्रदेश के सबसे बड़े स्वास्थ्य संस्थान आईजीएमसी में ऑक्सीजन प्लांट से आने वाली ऑक्सीजन के वितरण संबंधी कार्यों का जिम्मा अब आउटसोर्स कर्मी संभालेंगे। तीन लाइनमैन तकनीशियन और एक आर्ब्जवर की तैनाती अस्पताल में की गई है। वार्ड में आने वाली सप्लाई का जिम्मा इन्हीं कर्मियों के हवाले होगा। इन आउटसोर्स कर्मियों को आईजीएमसी की आरकेएस से मानदेय दिया जाएगा। शुक्रवार दोपहरबाद तीन बजे के करीब आईजीएमसी में फाइनांशियल बिड के खुलने के बाद इन कर्मियों को रखा गया है। चिकित्सा उप अधीक्षक डॉ. राहुल रॉव ने इस बात की जानकारी दी है।
एयर प्रोडक्ट आईएनसी को यह टेंडर दिया गया है। तीन लाइनमैन तकनीशियन और एक सुपरवाइजर यह कार्य संभालेगा। अस्पताल में कुछ समय पूर्व ऑक्सीजन प्लांट में कार्यरत कर्मी सेवानिवृत्त हो गए थे। ऐसे में गैस के वितरण और वार्डों में ऑक्सीजन न आने, गैस पाइप लाइन में खराबी आने के कारण कार्य संभालना मुश्किल हो रहा था। वहीं किसी भी कर्मी को यहां तैनाती नहीं दी जा रही थी। स्वास्थ्य मंत्री विपिन परमार से भी मामला उठाया गया था। इस पर आउटसोर्स से स्टाफ भरने की बात कही गई थी। महकमे ने मंत्री के आदेशों का पालन करते हुए यह भर्ती की।
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शिमला।
प्रदेश के सबसे बड़े स्वास्थ्य संस्थान आईजीएमसी में ऑक्सीजन प्लांट से आने वाली ऑक्सीजन के वितरण संबंधी कार्यों का जिम्मा अब आउटसोर्स कर्मी संभालेंगे। तीन लाइनमैन तकनीशियन और एक आर्ब्जवर की तैनाती अस्पताल में की गई है। वार्ड में आने वाली सप्लाई का जिम्मा इन्हीं कर्मियों के हवाले होगा। इन आउटसोर्स कर्मियों को आईजीएमसी की आरकेएस से मानदेय दिया जाएगा। शुक्रवार दोपहरबाद तीन बजे के करीब आईजीएमसी में फाइनांशियल बिड के खुलने के बाद इन कर्मियों को रखा गया है। चिकित्सा उप अधीक्षक डॉ. राहुल रॉव ने इस बात की जानकारी दी है।
एयर प्रोडक्ट आईएनसी को यह टेंडर दिया गया है। तीन लाइनमैन तकनीशियन और एक सुपरवाइजर यह कार्य संभालेगा। अस्पताल में कुछ समय पूर्व ऑक्सीजन प्लांट में कार्यरत कर्मी सेवानिवृत्त हो गए थे। ऐसे में गैस के वितरण और वार्डों में ऑक्सीजन न आने, गैस पाइप लाइन में खराबी आने के कारण कार्य संभालना मुश्किल हो रहा था। वहीं किसी भी कर्मी को यहां तैनाती नहीं दी जा रही थी। स्वास्थ्य मंत्री विपिन परमार से भी मामला उठाया गया था। इस पर आउटसोर्स से स्टाफ भरने की बात कही गई थी। महकमे ने मंत्री के आदेशों का पालन करते हुए यह भर्ती की।
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