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शिंगार बम धमाके से जुड़े हरमिंदर से 14 घ्ांटे पूछताछ
ब्यूरो, अमर उजाला/लुधियाना
Updated Tue, 19 Jan 2016 09:46 PM IST
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किदवई नगर में आरएसएस कार्यकर्ताओं पर हमले के मामले में पुलिस ने 2007 शिंगार सिनेमा बम धमाके के आरोप से जेल से बरी हो चुके हरमिंदर सिंह से पूछताछ की है। घटना के तुरंत बाद सोमवार सुबह सात बजे ही सीआईए स्टाफ के इंचार्ज प्रेम सिंह की अगुवाई में पुलिस पार्टी ने हरमिंदर सिंह को उसके घर से हिरासत में ले लिया। उसके बाद उसे सीआईए स्टाफ ले जाया गया, जहां रात नौ बजे तक पुलिस ने उससे पूछताछ की। उसके बाद उसे छोड़ दिया गया। इस पूछताछ की पुष्टि हरमिंदर सिंह के वकील गुरजिंदर सिंह साहनी ने की है। हरमिंदर सिंह 2014 में शिंगार बम कांड के आरोप से अदालत द्वारा बरी करार दिया गया था।
वकील गुरजिंदर सिंह ने कहा कि पुलिस ने 14 घंटे तक हरमिंदर को अपनी हिरासत में रखा। इस दौरान पुलिस कमिश्नर, डीसीपी सहित अन्य पुलिस अधिकारियों ने उससे पूछताछ की। इस दौरान पुलिस ने इस मामले में उसका हाथ होने या फिर गोली चलाने वाले आरोपी के बारे में कोई जानकारी होने के बारे में पूछताछ की। उन्होंने कहा कि हरमिंदर सिंह ने पुलिस को स्पष्ट कर दिया कि उसका इस मामले के साथ कोई लेना देना नहीं है।
उल्लेखनीय है कि 2007 में शिंगार बम धमाके के दौरान लुधियाना में छह लोगों की मौत हो गई थी और 42 लोग घायल हो गए थे। इस मामले में पुलिस ने बाकी आरोपियों के साथ हरमिंदर को भी गिरफ्तार किया था। अदालत में केस के दौरान हरमिंदर को 2014 में अन्य आरोपियों के साथ बरी कर दिया था।
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चौबीस घंटे बाद भी पुलिस के हाथ खाली
किदवई नगर में आरएसएस वर्करों पर हुई फायरिंग के 24 घंटे बीतने के बाद भी लुधियाना पुलिस के हाथ खाली हैं। पुलिस की स्पेशल इनवेस्टीगेशन टीम मामले की जांच में जुटी हुई है। अभी तक पुलिस के हाथ खाली है। जो सीसीटीवी फुटेज पुलिस के हाथ लगी है, उसमें भी आरोपियों के चेहरे साफ दिखाई नहीं दे रहे। जिस कारण पुलिस को मुश्किल आ रही है। एडीसीपी वन जोगिंदर सिंह ने कहा कि इस मामले में पुलिस अलग अलग टीमें बना काम कर रही है और जल्द ही पुलिस आरोपियों तक जल्द ही पहुंच जाएगी।
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वकील गुरजिंदर सिंह ने कहा कि पुलिस ने 14 घंटे तक हरमिंदर को अपनी हिरासत में रखा। इस दौरान पुलिस कमिश्नर, डीसीपी सहित अन्य पुलिस अधिकारियों ने उससे पूछताछ की। इस दौरान पुलिस ने इस मामले में उसका हाथ होने या फिर गोली चलाने वाले आरोपी के बारे में कोई जानकारी होने के बारे में पूछताछ की। उन्होंने कहा कि हरमिंदर सिंह ने पुलिस को स्पष्ट कर दिया कि उसका इस मामले के साथ कोई लेना देना नहीं है।
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उल्लेखनीय है कि 2007 में शिंगार बम धमाके के दौरान लुधियाना में छह लोगों की मौत हो गई थी और 42 लोग घायल हो गए थे। इस मामले में पुलिस ने बाकी आरोपियों के साथ हरमिंदर को भी गिरफ्तार किया था। अदालत में केस के दौरान हरमिंदर को 2014 में अन्य आरोपियों के साथ बरी कर दिया था।
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चौबीस घंटे बाद भी पुलिस के हाथ खाली
किदवई नगर में आरएसएस वर्करों पर हुई फायरिंग के 24 घंटे बीतने के बाद भी लुधियाना पुलिस के हाथ खाली हैं। पुलिस की स्पेशल इनवेस्टीगेशन टीम मामले की जांच में जुटी हुई है। अभी तक पुलिस के हाथ खाली है। जो सीसीटीवी फुटेज पुलिस के हाथ लगी है, उसमें भी आरोपियों के चेहरे साफ दिखाई नहीं दे रहे। जिस कारण पुलिस को मुश्किल आ रही है। एडीसीपी वन जोगिंदर सिंह ने कहा कि इस मामले में पुलिस अलग अलग टीमें बना काम कर रही है और जल्द ही पुलिस आरोपियों तक जल्द ही पहुंच जाएगी।